New Delhi: पाकिस्तान जम्मू कश्मीर को अतंरराष्ट्रीय मुद्दा बनाने की लगातार कोशिश करता रहा है और हर बार उसकी कोशिश नाकाम हो जाती है। एक बार फिर ऐसा हुआ है। दरअसल अपने सदाबहार दोस्त चीन की मदद से पाकिस्तान कश्मीर मुद्दा लेकर संयुक्त राष्ट्र पहुंच गया लेकिन उसे यहां भी मुंह की खानी पड़ी। चीन के अलावा पाकिस्तान एक भी देश का समर्थन नहीं जुटा सका।

'बंद कमरे' में हुई संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद की इस बैठक में भी पाकिस्तान को शर्मनाक स्थिति का सामना करना पड़ा है । चीन के अलावा उसे किसी का समर्थन नहीं मिला। सुरक्षा परिषद के शेष चार सदस्य ब्रिटेन, फ्रांस,रूस और अमेरिका ने साफ कर दिया कि यह एक द्विपक्षीय मामला है और इसे आपस में सुलझाया जाए। दूसरी ओर इस मामले देश में भी राजनीति तेज हो गयी है... कश्मीर पर चीन ने दखलअंदाजी को लेकर कांग्रेस समेत बीजेपी नेताओं ने हमला बोलना शुरू कर दिया है. इस क्रम में कांग्रेस नेता प्रमोद तिवारी ने कहा.. कि कश्मीर चीन को भारत के आतंरिक मामले में दखल नहीं देना चाहिए वहीं कश्मीर मुद्दे को लेकर चीन के दखल को लेकर लद्दाख से बीजेपी सांसद जामयांग नामग्याल  ने भी चीन के इस रवैये को गैर-जिम्मेदारान करार दिया है।