बाहर की दुनिया में वे भले कट्टर अपराधी हो सकते हैं, लेकिन दूसरों की तरह उनके पास भी सकारात्मक सोच, बेहतर नजरिया है। जम्मू-कश्मीर में जिला जेल ऊधमपुर की कैदी महिलाएं सक्रिय रूप से बढ़ईगीरी, बुनाई, कश्मीरी हस्तकला, कपड़े धोने, जूट और पेपर बैग बनाने में सक्रिय रूप से भाग ले रही हैं। आपको बता दें कि ये महिलाएं माता वैष्णो देवी श्राइन बोर्ड के लिए जूट के बैग तैयार करती हैं ये वो जूट के बैग हैं जिनमें श्रद्धालुओं को प्रसाद दिया जाता है। इस बारे में जेल सुपरिटेंडेंट डॉ. रजनी सहगल का कहना था कि जेल में बंद महिला कैदियों को सरकार की ओर से चलाई जा रही योजना के तहत यह प्रशिक्षण दिया जा रहा है, ताकि वे अपना और अपने परिवार का पेट पालने में सक्षम हो सकें। उन्होंने कहा कि जब ये महिलाएं जेल से बाहर जाएंगी तो क्या पता इनके परिवार वाले इन्हें अपने साथ साथ रखें या नहीं, लेकिन अगर इनके हाथों में हुनर होगा तो ये अपना गुजारा आराम से कर सकेंगी।