बीते सात साल से गृहयुद्ध से जूझ रहा सीरिया संकट को अब तीसरे विश्व युद्ध की आहट के तौर पर देखा जाने लगा है। सीरिया के गृह युद्ध ने दुनिया को फिर से दो खेमों में बांट दिया है। सीरिया में अमेरिका अपना प्रभाव कम नहीं करना चाहता है तो रूस खुद को दोबारा शक्ति के रूप में स्थापित करने में लगा है। इस लड़ाई में सीरिया में तीन लाख से ज्यादा लोगों ने अपनी जान गंवा दी है, वहीं 50 लाख से ज्यादा लोगों को देश छोड़ना पड़ा है। जानिये इस युद्ध में कौन किसके साथ है। 

सीरिया की 80 फीसदी से ज़्यादा आबादी सुन्नी है, जो विद्रोह में शामिल है, इन्हें तुर्की, सऊदी अरब, इजरायल, अमरीका और यूरोपीय यूनियन समेत कई देशों से समर्थन मिल रहा है। तो दूसरी ओर राष्ट्रपति बशर अलअसद को रूस, शिया देश ईरान के साथ साथ लेबनान का हिजबुल्लाह विद्रोही ग्रुप का भी साथ है।