भारत की राजधानी दिल्ली में करीब 1000 से ज्यादा नई कारों का हर रोज रजिस्ट्रेशन होता है, जिसके चलते शहर में ट्रैफिक जाम बढ़ता जा रहा है। इसी जाम के चलते भारतीय ऑटोमोबाइल सेक्टर में ऑटोमैटिक गाड़ियों की डिमांड में काफी तेजी देखने को मिल रही है। बता दें ऑटोमैटिक गाड़ियों के सेगमेंट में AMT और CVT ट्रांसमिशन का इस्तेमाल होता है। ग्राहक ऑटोमैटेड मैनुअल ट्रांसमिशन (AMT) वर्जन वाली गाड़ियां इसलिए खरीदते हैं क्योंकि ये सस्ती होती हैं, लेकिन अब कुछ समय से कई किफायती कीमत वाली कारों में CVT का विकल्प भी दिया जा रहा है।