पंतनगर, [जेएनएन]: पंतनगर एयरपोर्ट का 'रन-वे' आधुनिक हाईस्पीड जेट विमान (लगभग 350 किमी. प्रति घंटा) को उतारने के लिए उपयुक्त पाया गया है। आज हाई स्पीड स्वीडिश कार (गति व कंपन मापने का वाहन) ने रनवे पर रफ्तार भरकर हरी झंडी दी।

भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण, दिल्ली की ओर से जीपीएस उपग्रह से लैस गियरलेस स्वीडिश वाहन के साथ आए दस सदस्यीय दल ने ट्रॉयल के बाद रन वे को हरी झंडी दे दी। अब यही विमान पिथौरागढ़ के नैनी सैनी व देहरादून हवाई पट्टी का ट्रॉयल करने जाएगा। जीपीएस सेटेलाइट एवं आधुनिक संचार उपकरणों से सुसज्जित 5 करोड़ 60 लाख का गियरलेस स्वीडिश वाहन शुक्रवार को पंतनगर पहुंचा। 

इस दौरान रन-वे पर विमानों के हाई स्पीड में उतरने के दौरान पैदा होने वाले फ्रिक्शन की जांच की गई। विक्रम सिंह एवं कुलदीप सिंह के नेतृत्व में आई दस सदस्यीय टीम ने सुबह छह बजे से शुरू हुई यह कवायद शाम चार बजे तक जारी रखी। इस रनवे की लगभग 1500 मीटर दूरी में 50 से लेकर 350 किमी./घंटा तक के विमानों के उतरने की जांच की गई है, जिसके बाद शुक्रवार सायं ट्रक-ट्रॉली के जरिये यह स्वीडिश वाहन पिथौरागढ़ के लिए रवाना हो गया। 

पंतनगर एयरपोर्ट के डायरेक्टर एसके सिंह ने बताया कि रन-वे फ्रिक्शन की जांच करने वाले इस आधुनिक हाईटेक मशीन (वाहन) की कीमत 5 करोड़ 60 लाख रुपये है और यह भारत में मात्र दो ही स्थानों पर है, दिल्ली और साउथ। इससे विमानों के रनवे पर उतरने के दौरान पैदा होने वाले फ्रिक्शन की जांच की जाती है। यह वाहन आम वाहनों की तरह सड़क पर नहीं चल सकता, इसलिए दिल्ली से ट्रक-ट्रॉली के जरिये मंगवाया गया। 

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Posted By: Sunil Negi

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