संवाद सहयोगी, पिथौरागढ़: जिला मुख्यालय के नजदीक थरकोट में प्रस्तावित बहुउद्देश्यीय झील की निविदा प्रक्रिया दोबारा शुरू हो गई है। विभाग ने निविदाएं आमंत्रित कर ली है, जिन्हें 30 सितंबर को खोला जाएगा।

नगर के प्रवेशद्वार ऐंचोली से कुछ दूरी पर थरकोट झील का निर्माण एक दशक से भी लंबे समय से प्रस्तावित है। एक दशक में कई बार इस झील को बनाने का आश्वासन मिला, लेकिन पूरा नहीं हुआ। सरकारें इस झील के लिए धन का इंतजाम नहीं कर पाई। झील निर्माण का प्रस्ताव नाबार्ड को सौंपा गया। नाबार्ड की टीम ने स्थलीय निरीक्षण करने के बाद झील निर्माण के लिए लगभग 29 करोड़ की स्वीकृति दे दी। इसके लिए टोकन मनी भी सिंचाई विभाग को जारी कर दी गई थी। सिंचाई विभाग ने लगभग 750 मीटर लंबी इस झील के लिए अगस्त माह में निविदा आमंत्रित की थी, लेकिन निविदा में तकनीकी खामियों के चलते इसे निरस्त करना पड़ा था। अब विभाग ने दोबारा निविदाएं आमंत्रित कर ली हैं। सिंचाई विभाग के अधीक्षण अभियंता एमसी पांडेय ने बताया कि 30 सितंबर को निविदाएं खोली जायेंगी और ठेकेदार तय हो जाएगा। उन्होंने कहा कि इसके तत्काल बाद झील निर्माण का काम शुरू हो जाएगा। विभाग ने डेढ़ वर्ष के भीतर झील निर्माण का काम पूरा करने का लक्ष्य तय किया है। झील पिथौरागढ़- टनकपुर आलवेदर रोड के किनारे बनेगी। झील निर्माण से ये होंगे फायदे

1. पिथौरागढ़ में नए पर्यटन स्थल का विकास

2. पर्यटन गतिविधियों में इजाफा

3. झील में मछली पालन

4. नौकायन

5. स्थानीय ग्रामीणों को सिंचाई और पेयजल की सुविधा

6. पर्यावरण सुधार में मदद

Posted By: Jagran