जागरण संवाददाता, श्रीनगर गढ़वाल: आंचल डेयरी के सहकारी दुग्ध संघ कर्मचारियों को पिछले 33 माह से न तो वेतन मिला और न ही उनके अन्य देयकों का भुगतान हुआ है। इससे दुग्ध संघ के कर्मचारियों के समक्ष आर्थिक संकट पैदा हो गया है। प्रधान प्रबंधक से वार्ता विफल होने के बाद कर्मचारियों ने आंदोलन शुरू करने का निर्णय लिया है। सहकारी दुग्ध संघ कर्मचारी संगठन श्रीनगर के अध्यक्ष अरुण शर्मा विश्वकर्मा पूजा के दिन 17 सितंबर से आमरण अनशन पर बैठ जाएंगे। उनके साथ दुग्ध संघ का एक कर्मचारी भी 24 घंटे के क्रमिक अनशन पर बैठेगा। सभी कर्मचारी कार्य भी बंद कर देंगे। इसके बारे में प्रबंधन को बता दिया गया है।

आंचल डेयरी अपर भक्तियाना के कर्मचारियों को दिसंबर 2015 से अभी तक वेतन नहीं मिला है। दुग्ध संघ कर्मचारी संगठन की बैठक में लिए गए निर्णय की जानकारी देते हुए संगठन अध्यक्ष अरुण शर्मा ने कहा कि ढाई साल से भी अधिक समय बीत गया, लेकिन कर्मचारी वेतन के लिए तरस रहे हैं। उनके अन्य देयकों का भी भुगतान नहीं हुआ है।

संगठन ने विभाग से मांग की कि जिन कर्मचारियों ने वीआरएस के लिए आवेदन किया है, उनका वीआरएस अविलंब स्वीकृत किया जाए। अरुण शर्मा और शकीला रावत ने बताया कि वेतन को लेकर जब कर्मचारियों ने प्रधान प्रबंधक से वार्ता की तो उन्होंने कहा कि संस्था कर्मचारियों को वेतन नहीं दे सकती है। कर्मचारी चाहें तो कार्य बंद कर सकते हैं। संस्था में कर्मचारियों की आवश्यकता नहीं है। प्रधान प्रबंधक ने कर्मचारियों से कहा कि संस्था केवल चि¨लग सेंटर के रूप में कार्यरत है, जिसे ठेकेदार के माध्यम से चलाया जाएगा। शकीला रावत ने कहा कि प्रधान प्रबंधक की इन बातों से कर्मचारियों में रोष भी है। संगठन की बैठक की अध्यक्षता अरुण शर्मा द्वारा की गयी। नरेंद्र राणा, मदनमोहन भट्ट, जितेंद्र गुसाई, अरुण शर्मा, डीएस रमोला, अशोक नैथानी, सुरेंद्र लाल, रेखा ध्यानी, शकीला रावत, उपेंद्र बिष्ट, अजय नेगी आदि शामिल थे।

Posted By: Jagran