कार्बेट के जंगल में पर्यटकों को बाघ-हाथी के दीदार कराएंगी महिलाएं, बढ़ेगी वाहनों की संख्या
क्षेत्रीय परिवहन प्राधिकरण (आरटीए) ने कॉर्बेट नेशनल पार्क में 24 महिला जिप्सी संचालकों को पर्यटकों को बाघ और हाथी दिखाने ...और पढ़ें


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जागरण संवाददाता, हल्द्वानी। देश-दुनिया से कार्बेट के जंगल घूमने आने वाले पर्यटकों को अब महिला जिप्सी चालक बाघ, हाथी और गुलदार के दीदार कराएंगी। क्षेत्रीय परिवहन प्राधिकरण (आरटीए) की बैठक में 24 महिलाओं जिप्सी संचालकों के प्रस्ताव पर मुहर लग गई है। महिलाएं वाहन चलाने में सक्षम है।
पूर्व में वन विभाग की ओर से इन्हें प्रशिक्षण भी दिया गया था। इसके अलावा कार्बेट और फाटो जोन के जंगल में सफारी के लिए गाड़ियों की संख्या भी बढ़ाई जाएंगी। कुमाऊं में रोडवेज का एक रूट भी खोला जाएगा।
काठगोदाम स्थित सर्किट हाउस में गुरुवार को कुमाऊं कमिश्नर दीपक रावत की अध्यक्षता में आरटीए की बैठक आयोजित हुई थी। इस दौरान नए मार्गों पर परमिट जारी करने को लेकर विभागीय अधिकारियों संग मंथन भी किया गया। तय हुआ कि वन विभाग के साथ समन्वय स्थापित कर ईको टूरिज्म की दिशा में काम किया जाएगा।
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24 महिलाओं को बतौर संचालक जिप्सी संचालन की अनुमति
साथ ही पर्यटकों के लिए परिवहन की बेहतर सुविधा भी विकसित होगी। ताकि स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर भी पैदा हो सके। कार्बेट नेशनल पार्क में वर्तमान में सफारी प्रोजेक्ट के तहत 385 गाड़ियां और फाटो रेंज से जुड़े जंगल में प्रवेश के लिए रामनगर और जसपुर गेट पर कुल 110 वाहन पंजीकृत है।
कार्बेट में आठ और फाटो में दस जिप्सी बढ़ाने के प्रस्ताव पर सहमति के बाद मुहर भी लग गई। वहीं, 2022 में सीएम घोषणा के तहत महिला जिप्सी संचालकों को अवसर देने की बात कही गई थी। इसके बाद वन विभाग के स्तर से मातृशक्ति को ड्राइविंग प्रशिक्षण भी दिया गया।
आरटीए ने 24 महिलाओं को बतौर संचालक जिप्सी संचालन की अनुमति जारी कर दी है। वन विभाग से पर्यटकों के आंकड़े और गाड़ियों की संख्या मांगी गई है। इस दौरान प्राधिकरण सदस्य सुनील शर्मा, ललित सिंह, आरटीओ डा. गुरुदेव सिंह, एआरटीओ संदीप शर्मा, विपिन कुमार आदि मौजूद थे।
रोडवेज के जसपुर टू टनकपुर रूट पर मुहर
काशीपुर से टनकपुर के लिए रोडवेज बस का संचालन होता है, लेकिन जसपुर से कोई सीधी बस नहीं होने के कारण यहां के लोगों को काशीपुर आना पड़ता था। बैठक में जसपुर-टनकपुर रूट पर मुहर लग गई। टनकपुर और काशीपुर डिपो के स्तर से समय का निर्धारण होने के बाद सेवा शुरू हो जाएगी।
