जागरण संवाददाता, अल्मोड़ा : भारत की स्वतन्त्रता की 75वीं वर्षगॉठ पर राजकीय संग्रहालय में लगी स्वतन्त्रता संग्राम सेनानियों के छायाचित्रों व उनके जीवनवृत्त पर आधारित प्रदर्शनी का शुभारंभ किया। मौके पर स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के बलिदान शौर्य को याद कर उनके बताए मार्ग पर चलने का संकल्प लिया।

मंगलवार को आजादी के अमृत महोत्सव पर विधानसभा उपाध्यक्ष रघुनाथ सिंह ने प्रदर्शनी का उद्घाटन किया। उन्होंने कहा कि आजादी का अमृत उत्सव स्वतन्त्रता संग्राम सेनानियों के बलिदान को याद कराना है। उन्होंने कहा कि आजादी पाने के लिए हमारे स्वतन्त्रता संग्राम सेनानियों ने अपनी कुर्बानी दी है और सैकड़ों वर्षों की दासता से हमें मुक्त कराया। जिल से भी अनेक स्वतन्त्रता संग्राम सेनानियों ने अपना महत्वपूर्ण योगदान देते दिया है जिसे कभी भुलाया नहीं जा सकता है। यहॉ स्वतन्त्रता संग्राम का लम्बा इतिहास रहा है जिसे आज याद करने का दिन है।

रैमजे इण्टर कालेज में विहान सामाजिक एवं सांस्कृतिक संस्था अल्मोड़ा द्वारा नाटक ‘‘अलख‘‘ का प्रस्तुतीकरण किया।नाटक के जरिए कुमाऊं में घटित हुई क्रांतिकारी घटनाओं पर प्रकाश डाला गया।  जिसमें बद्री दत्त पांड, विक्टर मोहन जोशी, सरला बहन एवं सल्ट क्रांति का मंचन किया गया। नाटक के रचना रंगकर्मी त्रिभुवन गिरी महाराज, निर्देशन रंगकर्मी नरेश बिष्ट द्वारा किया गया। नाटक में देवेंद्र भट्ट, संदीप नयाल ,महेंद्र सिंह मेहरा, उमाशंकर, जयदीप पांडे, जगदीश तिवारी, नीरज डंगवाल, प्रदीप चंद्र राकेश कुमार, ममता वाणी भट्ट, निशा मेहरा, दिव्या जोशी, श्वेता शर्मा, गरिमा ने भूमिका निभाई संगीत पक्ष में अमित बुधौरी पंकज कुमार, भास्कर भौर्याल, संतोष कुमार, जानकी ने अपनी भूमिका निभाई।

नाटक संचालन रंगकर्मी व फिल्म मेकर भास्कर जोशी ने किया। इस अवसर पर विनीत बिष्ट, सभासद अमित साह, क्षेत्रीय पुरातत्व अधिकारी चंद्र सिंह चौहान, प्रधानाचार्य वी विल्सन, विथिका सहायक जन्मजेय तिवारी, डा. विद्या कर्नाटक, अखिलेश मौर्या, चन्द्रशेखर उपाध्यय आदि मौजूद थे।

Edited By: Prashant Mishra