जागरण संवाददाता, हल्द्वानी : जिला विकास प्राधिकरण की आनलाइन व्यवस्था से फजीहत हो गई है। एक अक्टूबर से आनलाइन नक्शा स्वीकृत किए जाने के आदेश थे। इसके बावजूद 18 दिन तक एक भी नक्शा स्वीकृत नहीं हो सका है। यहां तक कि नक्शे आनलाइन अपलोड तक नहीं हो रहे हैं। विभागीय लापरवाही का आलम यह कि जिम्मेदार अधिकारियों ने व्यवस्था दुरुस्त होने का सही समय तक नहीं बताया है। ऐसे में घर बनाने का सपना संजोए लोग भटकने को मजबूर हैं।

डीडीए के अध्यक्ष/मंडलायुक्त कुमाऊं अरविंद सिंह ह्यांकी ने 22 सितंबर को नैनीताल में अधिकारियों की बैठक ली थी। अक्टूबर से आनलाइन नक्शे स्वीकृत किए जाने के निर्देश दिए थे। उन्होंने यहां तक कहा था कि राइट टू सर्विसेज के तहत अगर समय पर नक्शा स्वीकृत नहीं होता है तो उसे स्वीकृत मान लिया जाएगा। अक्टूबर माह के 18 दिन बीत चुके हैं। अब तक आनलाइन नक्शा पास होने की व्यवस्था कहां तक है, इसका कहीं कुछ पता नहीं है। एक भी नक्शा स्वीकृत नहीं होना विभागीय कार्यप्रणाली पर ही सवाल खड़े करता है। इसके बावजूद किसी को कोई फिक्र नहीं है। जबकि आफलाइन व्यवस्था 30 सितंबर से बंद हो गई थी। ऐसे में घर बनाने के लिए नक्शे पास कराने पहुंच रहे लोग असमंजस में हैं।

-

मनमानी : अधिकारी जवाब देने को तैयार नहीं

डीडीए की व्यवस्था को लेकर जिम्मेदार अधिकारी जवाब देने को तैयार नहीं हैं। जबकि इस संबंध में जानने के लिए डीडीए के उपाध्यक्ष रोहित मीणा व सचिव पंकज उपाध्याय को फोन लगाया गया, लेकिन रिसीव नहीं हो सका। विभाग में अधिशासी अभियंता तक नहीं है।

--

सवाल : प्रशिक्षण ठीक से क्यों नहीं दिया जाता

नक्शे पास करने की आनलाइन व्यवस्था को दुरुस्त करने की जिनकी जिम्मेदारी है, उन्होंने भी ठीक से प्रशिक्षण नहीं लिया। नैनीताल में अभी तक पोर्टल खुला तक नहीं। प्रशिक्षण का अभी कुछ नहीं पता। वहां पहले लीजलाइन डाली जाएगी, इसके बाद ही पोर्टल खुल सकेगा। जबकि उत्तराखंड हाउसिंग अर्बन डेवलमेंट एजेंसी (हुडा) के पास आनलाइन के लिए प्रशिक्षण देने की जिम्मेदारी है।

इंडियन टी20 लीग

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस