जागरण संवाददाता, हल्द्वानी: अनुसूचित जाति आयोग के उपाध्यक्ष पीसी गोरखा ने समीक्षा बैठक में विभागीय अधिकारियों के अनुपस्थित रहने को गंभीरता से लिया है। अधिकारियों ने अपने प्रतिनिधियों को बैठक में भेजा था। मामले में जल संस्थान, जलनिगम, ऊर्जा निगम, पीमजीएसवाई व लोनिवि के अधिकारियों को नोटिस जारी करते हुए एक सप्ताह के भीतर आयोग को सूचित करने के निर्देश दिए गए हैं। जल संस्थान रामनगर के ईई के अनुपस्थित रहने पर 15 दिनों के भीतर विस्तृत रिपोर्ट के साथ देहरादून तलब किया गया है। 

सोमवार को काठगोदाम सर्किट हाउस में बैठक लेते हुए गोरखा ने सितंबर में आई आपदा में क्षतिग्रस्त सड़कों, बिजली व पेयजल लाइनें ठीक नहीं होने पर कड़ी नाराजगी जताई। विधानसभा चुनाव से ठीक पहले बैठक से गायब अधिकारियों के मामले को गंभीरता से लिया। जल संस्थान, लोनिवि व जल निगम के अधिकारियों को आचार संहिता से पहले सभी क्षतिग्रस्त सडकों, पेयजल लाइनों व विद्युत लाइनों के लिए टेंडर निकालकर कार्य पूरा कराने के निर्देश दिए। जल जीवन मिशन के तहत कनेक्शन बढ़ाने, भगवानपुर बिचला व नंदिनी विहार के अनुसूचित जाति बाहुल्य क्षेत्रों की पेयजल समस्या दूर करने को कहा।

जलसंस्थान व जलनिगम के अधिकारियों से बेतालघाट के तौराड़ गांव की पेयजल समस्या को लेकर 10 दिसंबर को बैठक कर समाधान निदान करने के निर्देश दिए। तिवारीगांव पेयजल योजना के लिए चार करोड़ रुपये अवमुक्त होने के बाद भी कार्य प्रारंभ नहीं होने पर नाराजगी जताई। बैठक में डीडीओ रमा गोस्वामी, डीएसओ मनोज बर्मन, जिला अर्थ संख्याधिकारी ललित मोहन जोशी, ईई पेयजल निगम एके कटारिया, जल संस्थान एसके श्रीवास्तव, ब्योमा जैन, एमके टम्टा आदि मौजूद रहे।

Edited By: Prashant Mishra