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नैनीताल की सड़कें बनी मां नंदा-सुनंदा का आस्था पथ, कदली वृक्ष यात्रा से गूंज उठा शहर

Published: Thu, 17 Sep 2026 09:19 PM (IST)

नैनीताल में 124वें नंदा देवी महोत्सव के दूसरे दिन मंगोली से कदली वृक्ष लाए गए, जिसके बाद शहर में भव्य सांस्कृतिक शोभा यात्रा निकाली गई।

नैनीताल की सड़कें बनी मां नंदा-सुनंदा का आस्था पथ।

नैनीताल की सड़कें बनी मां नंदा-सुनंदा का आस्था पथ।

HighLights

  1. मंगोली से कदली वृक्ष नैनीताल पहुंचे, आस्था का ज्वार उमड़ा।

  2. शहर में निकली भव्य सांस्कृतिक शोभा यात्रा, भक्तिमय माहौल।

  3. महिलाओं ने अक्षत-फूल बरसाए, मां नंदा-सुनंदा के जयकारे गूंजे।

जागरण संवाददाता, नैनीताल। श्रीराम सेवक सभा की ओर से आयोजित 124वें नंदा देवी महोत्सव के दूसरे दिन श्रद्धालुओं का दल मंगोली से कदली वृक्ष लेकर नैनीताल पहुंचा तो आस्था का ज्वार उमड़ पड़ा। इस मौके पर महिलाओं ने सूखाताल और तल्लीताल वैष्णो देवी मंदिर में कदली वृक्षों पर अक्षत फूल बरसाए।

इसके बाद कदली वृक्षों के साथ नगर भ्रमण के साथ सांस्कृतिक शोभा यात्रा निकाली गई। श्रद्धालुओं ने कंधे पर रखकर कदली को मां समान मानते हुए मां नंदा-सुनंदा के जयकारे लगाए तो शहर गुंजायमान हो उठा।

शोभा यात्रा में स्कूली बच्चों की झांकियां व छोलिया कलाकारों का नृत्य आकर्षण का केंद्र रहा। शुक्रवार दोपहर से नयना देवी मंदिर के समीप सेवा समिति भवन में कदली वृक्षों से मां नंदा-सुनंदा की मूर्तियों का निर्माण किया जाएगा।

बुधवार को कदली वृक्ष लेने के लिए श्रद्धालुओं का दल मंगोली रवाना हुआ था। रातभर गांव में पूजा-अर्चना, भजन-कीर्तन के बाद गुरुवार सुबह विधि-विधान से मूर्ति निर्माण के लिए चयनित केले का पेड़ लाया गया। अपराह्न करीब ढाई बजे बस में श्रद्धालु कदली वृक्ष लेकर पहुंचे तो सूखाताल में घरों की छतों से महिलाओं ने अक्षत फूल बरसाए। इस दौरान कदली वृक्षों की पूजा-अर्चना को होड़ मची रही।

इसके बाद कदली वृक्षों को बस से हल्द्वानी रोड स्थित वैष्णो देवी मंदिर लाया गया तो मां नंदा-सुनंदा के जयकारों से शहर गुंजायमान हो उठा। वृक्षों की विधिवत पूजा-अर्चना के बाद तल्लीताल से मालरोड होते हुए मल्लीताल, चीना बाबा, मल्लीताल बाजार होते हुए मां नयना देवी परिसर में शोभायात्रा का समापन हुआ।

शोभा यात्रा में पालिकाध्यक्ष डॉ. सरस्वती खेतवाल, आयोजक संस्था के अध्यक्ष मनोज साह, महासचिव जगदीश बवाड़ी, पूर्व अध्यक्ष मुकेश जोशी, व्यापार मंडल अध्यक्ष मारुति साह, दर्जा मंत्री दिनेश आर्य, मोहित लाल साह, कमलेश ढौंडियाल, गिरीश जोशी, कैलाश जोशी, भीम सिंह कार्की, राजेंद्र साह, प्रो. ललित तिवारी, अशोक साह, विमल चौधरी, विमल साह, भुवन बिष्ट, हरीश राणा, दयाकिशन पोखरिया, अरविंद पडियार, कमला कुंजवाल, जानकी पालीवाल, जया पालीवाल, पूरन बिष्ट सहित हजारों लोग शामिल रहे।

महिलाओं ने झोड़े की प्रस्तुति से जीवंत की लोकविधाएं

सांस्कृतिक शोभा यात्रा के दौरान महिलाओं ने तल्लीताल डांठ पर झोड़े की प्रस्तुति की जबकि भजन गाते हुए चलते रहे। वैष्णो देवी मंदिर में कदली वृक्षों के प्रवेश के दौरान एक महिला में देवी अवतरण हो गयी तो श्रद्धालुओं का जोश और बढ़ गया। उधर मेला क्षेत्र में ग्राहकों की भीड़ बढ़ने लगी है। खासकर युवा-किशोर वर्ग का झूलों को लेकर आकर्षण अधिक है।