जागरण संवाददाता, चम्पावत : कोरोना की तीसरी लहर को रोकने के लिए स्वास्थ्य विभाग ने तैयारियां शुरू कर दी हैं। पूरा फोकस शून्य से 18 साल तक के बच्चों को इस महामारी से बचाने के लिए होगा। इसके लिए जरूरी दवाएं भी मंगा ली गई हैं। दवाओं का वितरण आज से विभिन्न अस्पतालों में बने कोविड केयर सेंटरों के माध्यम से किया जाएगा।

सीएमओ डा. आरपी खंडूरी ने बताया कि देश के कुछ राज्यों में तीसरी लहर का प्रकोप शुरू होने की बात की जा रही है। हालांकि जिले में अभी इस प्रकार का कोई खतरा नहीं है। अलबत्ता तीसरी लहर को रोकने के लिए स्वास्थ्य विभाग पूरी तरह तैयार है। उन्होंने बताया कि इसके लिए जरूरी दवाएं मंगा दी गई हैं। जिले के लिए विटामिन सी की 40 लाख गोलियां, जिंक एब्लेट 13 लाख, विटामिन डी 1.4 लाख, विटामिन ए सीरप 2617 बोतल, विटामिन डी की 5374 ड्रॉप, जिंक टेब्लेट 10एमजी की 12 लाख गोलियां पहुंच गई हैं। दवाओं का वितरण शनिवार को सभी कोविड केयर सेंटरों के जरिए किया जाएगा।

इधर प्रशासनिक स्तर पर भी तीसरी लहर को रोकने केलिए तैयारियां शुरू हो गई हैं। जिलाधिकारी विनीत तोमर ने सीएमओ को जिले केसभी अस्पतालों में बैड और आक्सीजन की उपलब्धता सुनिश्ति करने के निर्देश दिए हैं। गुरुवार को उन्होंने इसकी तैयारियों के संबंध में जिला अस्पताल का निरीक्षण कर वहां मौजूद व्यवस्थाओं का जायजा लिया। सीएमओ ने बताया कि सीएचसी लोहाघाट, संयुक्त चिकित्सालय टनकपुर के सीएमएस समेत प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों के प्रभरियों को इस संबंध में एडवायजरी जारी करते हुए आवश्यक दिशा निर्देश दे दिए गए हैं। सभी अस्पतालों में सफाई के पुख्ता बंदोबस्त करने और चिकित्सा कक्षों को लगातार सेनिटाइज करने को कहा गया है।

टनकपुर अस्पताल में भी लगेगा आक्सीजन जनरेशन प्लांट

चम्पावत : जिला अस्पताल के बाद अब संयुक्त चिकित्सालय टनकपुर में भी पीएम केयर फंड से आक्सीजन जनरेशन प्लांट लगाया जाएगा। प्लांट की क्षमात 500 एलपीएम होगी। अस्पताल में ही आक्सीजन उपलब्ध होने के बाद मरीजों को काफी सहूलियत मिलेगी। वर्तमान में हल्द्वानी और रुद्रपुर से आक्सीजन सिलिंडर मंगाए जाते हैं। कभी कभार आपूर्ति न होने पर मरीजों को हायर सेंटर भेजना पड़ता है। आक्सीजन के अभाव में कई मरीजों की जान भी चले जाती है। प्लांट लगने के बाद इस समस्या का समाधान हो जाएगा।

सीएमओ डा. आरपी खंडूरी ने बताया कि हाईट्स संस्था को प्लांट लगाने की जिम्मेदारी दी गई है। केंद्रीय लोक निर्माण विभाग सिविल वर्क करेगा। इसके लिए अस्पताल में 125 केवी का जनरेटर लगाया जाएगा। पर्याप्त बिजली के लिए थ्री फेस लाइन बिछाई जाएगी। सिविल वर्क पूरा होने के बाद प्लांट स्थापित किया जाएगा। बताया कि 15 अगस्त तक इस काम को पूरा किया जाना है। आक्सीजन की उपलब्धता के बाद गंभीर रोगियों एवं दुर्घटना में घायल लोगों का उपचार अस्पताल में ही हो सकेगा। सीएमओ ने बताया किकोरोना की तीसरी लहर आती है तो बच्चों के इलाज के लिए ट्रामा सेंटर में अलग से बैड बनाए जाएंगे। दूसरी लहर में भी ट्रामा सेंटर में कोविड मरीजों का उपचार किया गया था। अस्पताल के पीएमएस डा. एचएस ह्यांकी ने बताया कि आक्सीजन जनरेशन प्लांट के लिए पहले ही जगह चिन्हित कर ली गई थी। दो से तीन दिन के भीतर प्लांट स्थापित करने के लिए जरूरी कार्य शुरू कर दिए जाएंगे।

Edited By: Prashant Mishra