जागरण संवाददाता, नैनीताल: राजभवन मार्ग का करीब 20 मीटर हिस्सा नीचे गिरने के बाद गुरुवार को डीएम धीराज गब्र्याल ने मौका मुआयना किया। वन निगम कर्मियों को खतरा बने पेड़ों को चिह््िनत करने का निर्देश देते हुए पातन के लिए आपदा मद से तीस हजार रुपये स्वीकृत भी कर दिए। लोनिवि अधिशासी अभियंता दीपक गुप्ता को तत्काल मलबा हटाकर सड़क निर्माण शुरू करवाने के निर्देश दिए।

बुधवार देर रात राजभवन मार्ग का करीब 20 मीटर हिस्सा दरक गया था। एक पेड़ गिरने के साथ ही भारी मलबा पालिका बाजार में भर गया। गनीमत रही कि सड़क दिन में नहीं टूटी। गुरुवार को डीएम ने विभागीय अधिकारियों के साथ टूटी सड़क और पालिका बाजार का निरीक्षण कर नुकसान का जायजा लिया। बिजली लाइन को पीछे की ओर विस्थापित करने को कहा। इस दौरान पालिकाध्यक्ष सचिन नेगी, एडीएम अशोक जोशी, सीओ संदीप नेगी, ईओ अशोक वर्मा, एसडीओ प्रियंक पांडे, कोतवाल अशोक कुमार समेत अन्य कर्मी मौजूद रहे।

दर्जनभर दुकानों को पहुंचा नुकसान

सड़क क्षतिग्रस्त होने के साथ भारी मलबा और एक भारी-भरकम पेड़ नीचे पालिका बाजार के ऊपर गिर गया। इससे बाजार में हेमंत सिंह, तेनजिंग, उर्गेन, मुनीब रहमान, प्रताप राणा, कलीम अहमद, नरेंद्र चमियाला, कैलाश चंद्र समेत 12 लोगों की दुकानों को नुकसान पहुंचा है। इधर, मल्लीताल व्यापार मंडल सचिव त्रिभुवन फत्र्याल समेत अन्य व्यापारियों ने कलेक्ट्रेट में ज्ञापन सौंप खतरा बने पड़ों का पातन करने, प्रभावित दुकानदारों को आपदा मद से आर्थिक मदद देने और सड़क का जल्द स्थायी ट्रीटमेंट कराने की मांग की है।

बिजली लाइन क्षतिग्रस्त, बाधित रही पानी की सप्लाई

सड़क के मलबे के साथ विशाल पेड़ उखड़ कर नीचे गिर गया। इससे बिजली की लाइन भी क्षतिग्रस्त हो गई। बिजली गुल होने गुरुद्वारे के समीप स्थित जल संस्थान का पम्प भी नहीं चल पाया। ऐसे में गुरुवार सुबह क्षेत्र में पेयजल आपूर्ति नहीं हो सकी। उर्जा निगम के एसडीओ प्रियंक पांडे ने बताया कि वैकल्पिक व्यवस्था कर पंप को सप्लाई चालू कर दी गई है। पेड़ों के पातन का कार्य किया जा रहा है। कार्य होते ही लाइन दुरुस्त कर सप्लाई सुचारु कर दी जाएगी।