रामनगर, जागरण संवाददाता : कार्बेट नेशनल पार्क का ढिकाला जोन बंद होने के बाद अब रामनगर के पांच और जोन में भी पर्यटकों की नो इंट्री हो जाएगी। तीन दिन बाद बिजरानी, दुर्गादेवी, सीतावनी, बराती रो व कार्बेट फाल में पर्यटकों की आवाजाही बंद हो जाएगी।

हर साल पंद्रह जून से वन विभाग मानसून सीजन मानता है। कभी भी बारिश से जंगल के नदी नाले उफान पर आ जाते हैं। ऐसे में जंगल में सफारी कर रहे पर्यटको की सुरक्षा का खतरा बना रहता है। जिस कारण पंद्रह जून से ढिकाला व तीस जून से अन्य जोन बंद कर दिए जाते हैं। कार्बेट पार्क के ढिकाला जोन में डे विजिट की सफारी 15 जून से बंद हो गई। इसी के साथ ही नाइट स्टे भी कार्बेट में बंद है।

अब तीस जून से कार्बेट का बिजरानी पर्यटन जोन, दुर्गादेवी व रामनगर वन प्रभाग के अंतर्गत सीतावनी, कालाढूंगी स्थित कार्बेट फाल व बराती रो भी पर्यटकों के लिए बंद हो जाएंगे। यानी चार दिन सत्ताईस से तीस जून तक ही पर्यटक इन जोन में घूमने का आनंद ले पाएंगे। तीस के बाद पर्यटन जोन बंद होने का असर पर्यटन कारोबार पर भी पड़ेगा।

ऐसे में रामनगर आने वाले पर्यटकों की आवाजाही भी काफी कम हो जाएगी। चार माह तक पर्यटन कारोबार पर रोक रहेगी। अक्टूबर में ही यह पर्यटन जोन पर्यटकों के लिए खुलेंगे। जबकि अब ढिकाला जोन पंद्रह नवंबर को ही खुलेगा। विभागीय अधिकारियो ने बताया कि पांचों जोन तीस जून से बंद हो जाएंगे।

बता दें कि मानसून सीजन की वजह से हर साल नाइट स्टे व ढिकाला में पर्यटन बंद कर दिया जाता है। जंगल में बरसात में नदी नाले उफान पर आ जाते हैं। इससे जंगल में कच्चे मार्ग बह जाते हैं। जिससे पर्यटकों की सुरक्षा का खतरा बना रहता है। सीटीआर के निदेशक नरेश कुमार ने बताया कि आज पर्यटकों के नाइट स्टे का अतिंम दिन है। अब नाइट स्टे की सुविधा 15 नवम्बर से ही पर्यटकों को मिल पाएगी 30 जून से बिजरानी जोन भी पर्यटकों के डे विजिट के लिए बंद हो जाएगा।

कार्बेट को मिला राजस्व

कार्बेट को पिछले साल अप्रैल से इस साल मार्च तक 10.59 करोड़ रुपये का राजस्व मिला। जिसमें 276505 भारतीय पर्यटक व विदेशी 884 पर्यटक आए

Edited By: Skand Shukla