नैनीताल, जेएनएन : जिला प्रशासन ने नैनीताल के बलियानाला के दीर्घ कालिक व स्थायी ट्रीटमेंट की दिशा में तेजी से कार्य आरंभ कर दिया है। खुद डीएम ने इसकी कमान संभाली है। जायका प्रतिनिधियों के अनुसार बलियानाला ट्रीटमेंट में तीन प्रोजेक्ट का क्रियान्वयन होगा। तीनों प्रोजेक्ट की कुल लागत 620 करोड़ है।

गुरुवार को डीएम सविन बंसल ने आपदा प्रबंधन एवं न्यूनीकरण केंद्र, सिंचाई विभाग व जायका की टीम के साथ बलियानाला के ऊपरी व निचले क्षेत्र के डेंजर जोन का मौका मुआयना किया। उन्होंने जायका के ट्रीटमेंट प्लान की स्थलवार प्रस्तावित कार्य योजना की जानकारी ली। जायका के प्रतिनिधियों द्वारा दी जानकारियों पर असंतोष व्यक्त करते हुए बलियानाला क्षेत्र भूगर्भीय मानचित्र, प्रवाहित हो रहे पानी की क्षमता, बलियानाला भूस्खलन क्षेत्र की चट्टानों की पूरी टेक्नीकल डिटेल उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। कहा कि जायका के उच्चाधिकारियों से वार्ता करते हुए तीनों कार्य योजनाओं के अंतर्गत आने वाले क्षेत्रों की मार्किंग कराई जाएगी।

कमजोर तारबाड़ पर जताई नाराजगी

डीएम ने मंदिर के पास कमजोर तारबाड़ पर नाराजगी जाहिर कर छह फीट ऊंची आरसीसी सुरक्षा दीवार बनाने के निर्देश सिंचाई विभाग के अधिकारियों को दिए। बलिायानाले में सेल्फ ड्रिलिंग एंकर बार व वूडन पाईलिंग कार्य कर रहे मजदूरों द्वारा सुरक्षा उपकरण न पहनने पर भी नाराजगी जताई। साथ ही सुरक्षा मानकों का कड़ाई से अनुपालन कराने के निर्देश दिए। जायका के प्रतिनिधियों ने तीनों कार्य योजनाओं के प्रस्तावित क्षेत्रों की मौके पर ही जानकारी दी। उन्होंने बताया कि 236 करोड़ की पहली कार्ययोजना के तहत क्रिब, 215 करोड़ लागत की दूसरी कार्ययोजना में क्रिब कार्य व रॉक बोल्ट कार्य, 169 करोड़ की तीसरी कार्य योजना में बैंचिंग कार्य किया जाएगा। सिंचाई विभाग के अधिकारियों ने बताया कि बलियानाले सिंचाई विभाग द्वारा एसडीए या सेल्फ एंकर ड्रिलिंग, वूडन पाईलिंग, वायर केरेट आदि का कार्य किया जा रहा है। 280 के सापेक्ष 134 वूडन पाईलिंग, 238 के सापेक्ष 108 एसडीए, सेल्फ एंकर ड्रिलिंग, 300 के सापेक्ष 275 वायर केरेट लगाए जा चुके हैं।

निरीक्षण में ये रहे मौजूद

अधिशासी निदेशक आपदा न्यूनीकरण केंद्र पीयूष रौतेला, भू वैज्ञानिक आचार्य लूए, सुशील खंडूरी, वैंकटेंश, स्लोप स्टेबलाइजेशन एक्सपर्ट डॉ. मनीष सेमवाल, एसडीएम विनोद कुमार, जायका प्रतिनिधि दीपक भट्ट, अमन रायजादा, अधीक्षण अभियंता सिंचाई एनएस पतियाल, अधिशासी अभियंता सिंचाई हरीश चन्द्र सिंह आदि।

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