रुड़की: रामकृष्ण विवेकानंद भाव प्रचार परिषद के वार्षिक सम्मेलन के दूसरे दिन रविवार को प्रतिनिधियों ने एक स्वर में स्वामी विवेकानंद के विचारों के प्रचार-प्रसार का संकल्प लिया। परिषद के अध्यक्ष स्वामी मुक्तिनाथानंद ने उनके जीवन के प्रेरक प्रसंगों की चर्चा की। नरेंद्र आहुजा की ओर से निर्देशित और राजकुमार उपाध्याय की ओर से लिखित नाटक नरेंद्र से स्वामी विवेकानंद का मंचन किया गया, वहीं राजकोट गुजरात के रामकृष्ण मठ के अध्यक्ष स्वामी निखिलेश्वरानंद ने वर्तमान युग में ज्ञान योग, कर्म योग एवं भक्ति योग के समन्वय पर जोर दिया। सम्मेलन में उत्तर भारत के 30 स्थानों से प्रतिनिधि हिस्सा लेने पहुंचे। इस मौके पर विवेक काम्बोज, समय सिंह सैनी, केपी सिंह, अशोक शर्मा आर्य, सुशील रावत, प्रदीप सैनी, अनुज शर्मा, विकास भट्ट, शुभम, संगीता श्रीवास्तव, अरुण शर्मा, अनिल कुमार, वीरेंद्र गर्ग, मयंक भाटिया आदि उपस्थित रहे। (जासं)

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