संवाद सूत्र, कलियर: माजरी गांव में हुई डकैती के मामले में 40 से अधिक घंटे बीत जाने के बाद भी पुलिस के हाथ खाली है। पुलिस की पांच टीम उप्र के पांच जिलों में दबिश दे रही है। पुलिस ने संदेह के आधार पर 12 संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ की है। वहीं, पुलिस की टीम वारदात में छयमार गिरोह की संलिप्तता की जांच भी कर रही है।

कलियर थाना क्षेत्र के माजरी गांव में शनिवार रात लाठी डंडों से लैस बदमाशों ने किसान महिपाल के घर पर धावा बोल दिया था। बदमाशों ने करीब 40 हजार की नकदी और 20 तोले सोने के जेवरात लूटने के साथ ही परिवार के लोगों को घायल कर दिया था। बदमाशों की तलाश में एसओजी समेत पुलिस की पांच टीमे लगाई गई हैं। पुलिस की टीमें उत्तर प्रदेश के बिजनौर, मुरादाबाद, सहारनपुर, मेरठ और मुजफ्फरनगर में दबिश दे रही है। पुलिस ने कलियर के कई गेस्ट हाउस में चे¨कग अभियान चलाकर संदिग्धों की तलाश की। पुलिस ने इस मामले में माजरी, इमलीखेड़ा, बेड़पुर, कलियर समेत आधा दर्जन गांव से शक के आधार पर 12 लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की है। एसएसपी कृष्ण कुमार वीके ने बताया कि पुलिस की टीम बदमाशों की तलाश कर रही है। घटनास्थल के आस-पास संचालित मोबाइल का सेल डाटा उठाया है। इसके आधार पर संदिग्धों के नबंर ट्रेस कर बदमाशों तक पहुंचने के प्रयास कर रही है। जंगल से सटे गांव में बढ़ाई गई सुरक्षा

रुड़की: माजरी गांव में हुई डकैती की घटना के बाद पुलिस पूरी तरह से अलर्ट हो गई है। इसको देखते हुए जंगल से सटे गांव और आबादी से दूर बसे घरों की सुरक्षा के लिए गश्त के निर्देश दिए गए है। रेलवे स्टेशन के आसपास के गांव और कॉलोनियों के आसपास गश्त बढ़ाई गई है।लाउडस्पीकर से गांव में सूचना प्रसारित कर गांव के आसपास दिखाई देने वाले संदिग्धों के बारे में पुलिस को जानकारी देने को कहा गया है। एसएसपी कृष्ण कुमार वीके ने बताया कि सुरक्षा में लापरवाही बरतने वाले थाना प्रभारियों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

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