जागरण संवाददाता, रुड़की: बकायेदारों के खिलाफ ऊर्जा निगम ने फरवरी-मार्च जैसा अभियान शुरू करने की तैयारी कर ली है। इसके तहत अब बकायेदारों की बिजली काटी जाएगी। इसके पीछे निगम की मंशा अधिक से अधिक राजस्व वसूलने की है। गर्मी के प्रकोप के चलते उपभोक्ता जल्द धनराशि देंगे।

शासन की ओर से ऊर्जा निगम रुड़की मंडल को सख्त चेतावनी जारी की है। यदि बिजली चोरी नहीं रुकी और राजस्व बढ़ोत्तरी नहीं की गई तो रुड़की मंडल को निजी हाथों में सौंपा जाएगा। पूर्व के वर्षों में भी इस तरह की प्रक्रिया शुरू की गई। इसके बाद निगम ने फरवरी-मार्च जैसा ही अभियान शुरू करने का एलान किया है। रुड़की मंडल को फिलहाल 190 करोड़ रुपये वसूलकर देना है। अधिशासी अभियंता शहरी क्षेत्र अनूप कुमार सैनी ने बताया कि 21 मई से यह अभियान शुरू कर दिया जाएगा। अभियान के तहत 10 हजार रुपये से बड़े बकायेदारों की बिजली काटी जाएगी। उन्होंने बताया कि गर्मी के दिनों में उपभोक्ताओं को अधिक से अधिक बिजली की आवश्यकता होती है। इसलिए अभियान से निगम को राहत मिलेगी। साथ ही, बिजली के कनेक्शनों की भी नियमित चे¨कग की जाएगी ताकि मीटर आदि में लगने वाले शंट और बिजली चोरी की घटनाओं पर भी अंकुश लग सके।

देहात में सबसे अधिक बकाया

रुड़की: देहात क्षेत्र में भी किसानों पर बिजली का सबसे अधिक बकाया है। ऊर्जा निगम की माने तो साढ़े सात हजार तो निजी नलकूप है, जिन पर करोड़ों रुपये बकाया हो चला है। निगम की ओर से मार्च माह में भी इन ट्यूबवेलों के कनेक्शन काटने की प्रक्रिया शुरू की गई थी, लेकिन बाद में इस बंद कर दिया गया था। अब निगम प्रतिदिन कनेक्शन को काटेगा।

By Jagran