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उपनल कर्मियों की सर्विस और सिक्योरिटी को लेकर अच्छी खबर, कॉनट्रेक्ट का नया फॉर्मेट जारी

Published: Wed, 13 May 2026 10:56 AM (GMT+05:30)

उत्तराखंड सरकार ने उपनल कर्मियों की सेवा सुरक्षा के लिए नया अनुबंध प्रारूप जारी किया है।

उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी। फाइल फोटो

उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी। फाइल फोटो

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संक्षेप में पढ़ें

राज्य ब्यूरो, देहरादून। उत्तराखंड पूर्व सैनिक कल्याण निगम लिमिटेड (उपनल) के माध्यम से विभिन्न विभागों में सेवाएं दे रहे 20 हजार से ज्यादा आउटसोर्स कर्मियों की सेवा सुरक्षा को लेकर सरकार गंभीर हुई है। इस क्रम में शासन ने उपनल कर्मियों के लिए अनुबंध का नया प्रारूप जारी कर दिया है।

इस संबंध में जारी आदेश में स्पष्ट किया गया है कि उपनल कर्मी की नियुक्ति संविदा के आधार पर होगी। इसके साथ ही उन्हें अन्य कार्मिकों की भांति अवकाश समेत दूसरी सुविधाएं भी मिलेंगी। इसके साथ ही किसी नियम की अवज्ञा या असंयम का दोषी पाए जाने पर संबंधित कर्मी के खिलाफ एकतरफा कार्रवाई पर रोक लगाते उसे सुनवाई का अवसर प्रदान करने की व्यवस्था भी दी गई है।

कुछ शर्तों का लेकर उपनल कर्मियों ने जताया था ऐतराज

शासन की ओर से पूर्व में जारी अनुबंध की कुछ शर्तों का लेकर उपनल कर्मियों ने कड़ा ऐतराज जताया था। इसे देखते हुए मंगलवार को अनुबंध के नये प्रारूप का शासनादेश जारी किया गया। अब अनुबंध में यह उल्लेख होगा कि उपनल कर्मी की नियुक्ति संविदा के आधार पर होगी।

पूर्व में यह संविदा नियुक्ति पूर्णतया अस्थायी होने समेत अन्य शर्तें थी, जिन्हें हटा दिया गया है। इसके साथ ही उपनल कार्मिक को एक कैलेंडर वर्ष में 12 आकस्मिक अवकाश व 14 दिन का उपार्जित अवकाश सवेतन देय होंगे। इसके अलावा उन्हें वित्त विभाग के शासनादेश के अनुरूप अन्य अवकाश और सुविधाएं भी मिलेंगी।

यही नहीं, सेवायोजित कार्मिक के साथ अनुबंध को प्रतिवर्ष विस्तारित किया जाएगा, लेकिन 60 वर्ष की आयु होने पर इसे आगे नहीं बढ़ाया जाएगा। इसके साथ ही कार्मिकों के हित में अन्य प्रविधान भी किए गए हैं।

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