जागरण संवाददाता, हरिद्वार। उत्‍तराखंड पुलिस की स्‍पेशल टास्‍क फोर्स (एसटीएफ) ने चलन से बाहर हो चुकी चार करोड की करेंसी (एक हजार और पांच साै के पुराने नोट) के साथ सात व्‍यकितयों को गिरफ्तार किया है। पूछताछ में उन्‍होंने पुलिस को बताया कि उन्‍होंने यह रकम आरबीआइ के एक कर्मचारी को देनी थी, बदले में उन्‍हें पांच प्रतिशत नई करेंसी दी जानी थी। गिरफ्तार व्‍यक्तियों की बात कितनी सही है, पुलिस इसका पता लगा रही है। फिलहाल ज्‍वालापुर थाने में आरोपितों से पूछताछ जारी है। इनमें एक मीडिया कर्मी भी बताया जा रहा है। गिरफतार आरोपितों में तीन स्‍थानीय और चार अन्‍य अमरोहा उप्र व मुरादाबाद उप्र के बताए जा रहे हैं।

पुलिस के मुताबिक, उत्तराखंड एसटीएफ की एक टीम को हरिद्वार में पुरानी करेंसी के बदले नए नोट बदलने की सूचना मिल रही थी। जिस पर एसटीएफ ने धरपकड़ के लिए जाल बिछाया हुआ था। शनिवार देर शाम एसटीएफ के इंस्पेक्टर अब्दुल कलाम की अगुवाई में एक टीम ने मध्य हरिद्वार की एक कॉलोनी में छापा मारकर सात आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया। उनके कब्जे से नोटबंदी से पहले चलने वाले करीब चार करोड़ रुपए के पुराने नोट बरामद हुए हैं। सभी नोट 500 और 1000 के बताए जा रहे हैं। बरामद रकम चार से 4.5 करोड़ के बीच हो सकती है। देर रात तक रकम की गिनती का कार्य चल रहा था। पूछताछ में आरोपितों ने बताया है कि आरबीआई का एक अधिकारी उनके संपर्क में था और वही इस पुरानी करेंसी के बदले उन्हें एक करोड़ रुपए के नए नोट देने वाला था।

जिसकी एवज में आरोपितों को प्रतिशत के हिसाब से कमीशन मिलना था। देर रात तक ज्वालापुर कोतवाली में आरोपितों से पूछताछ और नोटों की गिनती का कार्य चल रहा था। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डा. योगेंद्र सिंह रावत ने बताया कि आरोपितों से पूछताछ की जा रही है।

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पकड़े गए आरोपितों की पहचान रूपेश वालिया निवासी जगजीतपुर यशवीर सिंह निवासी हरिपुर कला, अरविंद वर्मा निवासी ग्राम काला कुआं अमरोहा कोतवाली अमरोहा, आबिद अली ग्राम सैदपुर नौगांव सादात अमरोहा, सोमपाल सिंह रेलवे स्टेशन रोड बिलारी मुरादाबाद, विकास गुप्ता निवासी खेड़ी खुर्द श्यामपुर ऋषिकेश व राजेंद्र स्टेशन रोड बिलारी जनपद मुरादाबाद के रूप में हुई है।

दिल्ली निवासी राजीव की बताई जा रही रकम

आरोपितों ने पूछताछ में बताया कि पकड़ी गई रकम दिल्ली निवासी किसी राजीव नामक व्यक्ति की है। वह रूपेश वालिया का परिचित है। जबकि राजन उत्तर प्रदेश के खुर्जा में सरकारी शिक्षक हैं।

नोट गिनने के लिए मंगाई गई मशीन

बरामद रकम इतनी ज्यादा थी कि उसे मैनुअल गिन पाना आसान नहीं था। इसलिए रात में मशीन की व्यवस्था की गई देर रात तक पुलिस स्थानीय पेट्रोल पंप पर मशीन जुटाने की जद्दोजहद में लगी हुई थी।

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Edited By: Sumit Kumar