राज्य ब्यूरो, देहरादून। Uttarakhand Assembly Elections 2022 कांग्रेस के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष किशोर उपाध्याय भाजपा का दामन थाम सकते हैं, इसे लेकर सियासी हलकों में चर्चाएं गर्म हैं। हालांकि इसे लेकर दोनों ओर से ही चुप्पी साधी गई है। अलबत्ता, भाजपा के सूत्र प्रधानमंत्री मोदी के चार दिसंबर को दून दौरे के दौरान कुछ बड़े नेताओं के शामिल होने के संकेत दे रहे हैं।

प्रदेश में कांग्रेस के भीतर अंतर्कलह फिर सतह पर है। पूर्व प्रदेश अध्यक्ष किशोर उपाध्याय 2017 की हार का जिक्र करते हुए पूर्व मुख्यमंत्री एवं प्रदेश कांग्रेस चुनाव अभियान समिति अध्यक्ष हरीश रावत को निशाने पर लिए हुए हैं। हरीश रावत ने किशोर की टिप्पणी पर नसीहत और चेतावनी भी दी थी। किशोर उपाध्याय इंटरनेट मीडिया पर अपनी पोस्ट में इस पर भी कटाक्ष करने से नहीं चूके।

किशोर के तेवरों से कांग्रेस हलकान है। इसे देखते हुए ही किशोर उपाध्याय के भाजपा में जाने की चर्चाएं हैं। हालांकि संपर्क करने पर किशोर ने सीधे तौर पर न इसका खंडन किया और न ही समर्थन। उन्होंने कहा कि वह उत्तराखंड को लेकर अपने एजेंडे पर आगे बढ़ रहे हैं। उधर, भाजपा संगठन भी इस पर सीधी टिप्पणी से बच रहा है। सूत्रों के अनुसार पार्टी प्रधानमंत्री मोदी के चार दिसंबर को दून दौरे के दौरान कुछ बड़े नेताओं को पार्टी में शामिल कराने की कोशिश में है।

सजवाण के दावे पर किशोर ने ली चुटकी

कांग्रेस के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष किशोर उपाध्याय और पूर्व मंत्री शूरवीर सिंह सजवाण के बीच भी इंटरनेट मीडिया पर वार-पलटवार तेज है। शूरवीर सिंह सजवाण ने सोनिया के साथ बैठकर चर्चा करने और इस दौरान खड़े दिखाई दे रहे किशोर को लेकर पुरानी फोटो इंटरनेट मीडिया पर पोस्ट की। अपनी पोस्ट में उन्होंने यह दावा भी किया कि 1985 में उन्हें कांग्रेस के तत्कालीन नेताओं कमलनाथ, वीर बहादुर सिंह व चंद्रमोहन सिंह नेगी के आशीर्वाद से देवप्रयाग विधानसभा क्षेत्र का टिकट मिला था। सजवाण के इस दावे पर किशोर ने चुटकी ली। उन्होंने कहा कि सजवाण शपथ लेकर यह बात कह दें तो वह अपनी बात वापस लेंगे।

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Edited By: Raksha Panthri