राज्य ब्यूरो, देहरादून। प्रदेश में आने वाले यात्रियों को अब यह पता चल सकेगा कि किन स्थानों पर मोबाइल कनेक्टिविटी है और किन स्थानों पर नहीं। लोक निर्माण विभाग मंत्री सतपाल महाराज ने विभागीय अधिकारियों को इसके लिए सभी मार्गों पर संकेतक लगाने के निर्देश दिए हैं। साथ ही उन्होंने अनुपयोगी पुलों की सूची भी तलब है ताकि वहां रेस्टारेंट व शौचालय बनाए जा सकें। उन्होंने विभागीय अधिकारियों को 31 अक्टूबर तक सभी सड़कों को गड्ढा मुक्त करने के भी निर्देश दिए हैं।

गुरुवार को लोक निर्माण विभाग मंत्री सतपाल महाराज ने यमुना कालोनी स्थित लोक निर्माण विभाग मुख्यालय में विभागीय अधिकारियों के साथ बैठक की। इस दौरान उन्होंने पूर्व में ली गई समीक्षा बैठकों में लिए गए निर्णयों के संबंध में जानकारी तलब की। कैबिनेट मंत्री महाराज ने बताया कि मार्गों पर अब मोबाइल कनेक्टिविटी के संबंध में संकेतक लगाए जा रहे हैं। पौड़ी जिले में यह कार्य शुरू हो चुका है।

उन्होंने कहा कि विभागीय अधिकारियों को 31 अक्टूबर तक सभी सड़कों को गड्ढा मुक्त करने के निर्देश दिए गए हैं। प्रदेश में 5827 किमी लंबी सड़कों को गड्ढा मुक्त करने के लिए चिह्नित किया गया है। इसमें से 1668 किमी में पैचवर्क का कार्य किया जा चुका है। कैबिनेट मंत्री ने कहा कि प्रदेश में कई पुल ऐसे हैं जो अनुपयोगी हैं। इन पुलों के संबंध में सभी मुख्य अभियंताओं से जानकारी मांगी गई है। इनका उपयोग रेस्टोरेंट व शौचालय बनाने के लिए किया जाएगा। बैठक में बताया गया कि चारधाम आल वेदर रोड का कार्य चल रहा है। अनुबंध में नाली निर्माण, रिटेनिंग वाल, ब्रेस्ट वाल बनाए जाने का प्रविधान है। अधिकांश स्थानों पर 90 प्रतिशत कार्य पूर्ण किया जा चुका है। उन्होंने कहा कि सिरोबगड़ में भूस्खलन के कार्य मार्ग बंद हो जाता है। यहां तीन बड़े पुलों का निर्माण किया जा रहा है। इसके लिए अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि कार्य में गति लाएं। साथ ही उन्हें चारधाम यात्रा मार्ग बाधित होने की स्थिति में वैकल्पिक मार्ग के चिह्नीकरण को कहा गया है।

रिक्त पदों के सापेक्ष बनाए जाएंगे प्रभारी अधिशासी अभियंता

लोक निर्माण विभाग मंत्री ने मुख्यालय में मिनिस्टीरियल एसोसिएशन और डिप्लोमा इंजीनियर्स एसोसिएशन के साथ भी बैठक की। उन्होंने कहा कि विभागीय अधिकारियों को कर्मचारियों की समस्याओं को दूर करने के निर्देश दिए गए हैं। बताया गया कि निर्माण खंड टिहरी को पुनस्र्थापित किया जाएगा। विभागीय जूनियर इंजीनियर के स्थायीकरण के लिए विभागीय परीक्षा कराई जाएगी। अधिशासी अभियंता के रिक्त पदों के सापेक्ष सहायक अभियंताओं को प्रभारी अधिशासी अभियंता पद की जिम्मेदारी दी जाएगी।

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Edited By: Sunil Negi