जागरण संवाददाता, देहरादून : पुरानी पेंशन लागू करने की मांग को लेकर कर्मचारी ट्विटर पर आवाज उठाएंगे। पांच राज्यों में होने वाले विधानसभा चुनाव को देखते हुए कार्मिकों ने इंटरनेट मीडिया पर अभियान चलाने का एलान किया है। रविवार को ट्विटर के माध्यम से कार्मिक प्रत्येक व्यक्ति, प्रत्याशी और राजनीतिक पार्टी तक अपनी आवाज पहुंचाएंगे।

राष्ट्रीय पुरानी पेंशन बहाली संयुक्त मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष बीपी सिंह रावत ने प्रेस को जारी बयान में कहा कि पांच राज्यों में विधानसभा चुनाव को देखते हुए नई पेंशन योजना से आच्छादित कार्मिक पुरानी पेंशन बहाली मांग को ट्विटर अभियान के माध्यम से उठाएंगे। जो भी पार्टी अपने घोषणा पत्र में पुरानी पेंशन बहाली की मांग को प्रमुखता से रखेगी, कार्मिक उस पर विचार करेंगे। मोर्चा पुरानी पेंशन बहाली को लेकर लगातार आंदोलन कर रहा है। ऐसे में एनपीएस कार्मिकों, परिवारजनों, मित्रजनों की भूमिका विधानसभा चुनाव में निर्णायक रहेगी। कहा कि एक तरफ विधायक, सांसद को मात्र एक दिन के कार्यकाल में भी पुरानी पेंशन का लाभ दिया जाता है, वहीं, दूसरी तरफ 30-35 वर्ष सरकारी सेवा करने के बाद भी कर्मचारी को बुढ़ापे में आर्थिक तंगी से जूझने को विवश किया जा रहा है। बताया कि रविवार सुबह 11 बजे से लेकर शाम छह बजे तक सभी कार्मिक ट्िवटर पर हैशटैग वोट फार ओपीएस को ट्रेंड कराएंगे।

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राशन की लाइन में नहीं लगेंगे दिव्यांग एवं वरिष्ठ नागरिक

  दिव्यांग एवं वरिष्ठ नागरिकों को राशन की लाइन में नहीं लगना होगा। बढ़ते कोरोना संक्रमण को देखते हुए जिला पूर्ति विभाग ने ऐसे कार्डधारकों को बड़ी राहत दी है।

डीएसओ जसवंत सिंह कंडारी ने बताया कि कोरोना की तीसरी लहर में संक्रमण तेजी से फैल रहा है। ऐसे में राशन की लाइन में लगने से दिव्यांग एवं वरिष्ठ नागरिक संक्रमित हो सकते हैं। कहा विभाग की ओर से ऐसे कार्डधारकों को दूसरे व्यक्ति या परिवार के अन्य सदस्य से राशन मंगवाने की छूट दी है, लेकिन राशन कार्डधारक को राशन विक्रेता के नाम निवेदन पत्र लिखना होगा।

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Edited By: Sumit Kumar