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देहरादून की मीनल नेगी ने UPSC Exam में पाई सफलता, दूसरे प्रयास में हासिल की 66वीं रैंक

Published: Fri, 06 Mar 2026 08:45 PM (GMT+05:30)

दून की मीनल नेगी ने यूपीएससी सिविल सेवा परीक्षा 2025 में 66वीं अखिल भारतीय रैंक हासिल की है। यह उपलब्धि ...और पढ़ें

देहरादून की मीनल नेगी ने यूपीएससी परीक्षा में 66वीं रैंक हासिल की है।

देहरादून की मीनल नेगी ने यूपीएससी परीक्षा में 66वीं रैंक हासिल की है।

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जागरण संवाददाता, देहरादून। संघ लोक सेवा आयोग (यूपीएससी) की सिविल सेवा परीक्षा देश की सबसे कठिन परीक्षाओं में गिनी जाती है। हर साल लाखों युवा इसमें शामिल होते हैं, लेकिन सफलता कुछ ही अभ्यर्थियों को मिलती है। दून की मीनल नेगी ने यूपीएससी सिविल सेवा परीक्षा 2025 में शानदार प्रदर्शन करते हुए आल इंडिया 66वीं रैंक हासिल की है।

मीनल ने यह उपलब्धि अपने दूसरे प्रयास में हासिल की। उनकी सफलता की कहानी यूपीएससी की तैयारी कर रहे युवाओं के लिए प्रेरणा है कि निरंतर मेहनत, धैर्य और सही रणनीति से लक्ष्य हासिल किया जा सकता है।

मीनल मूल रूप से टिहरी जिले के चंबा की रहने वाली हैं। उनके पिता प्रीतम सिंह नेगी सरकार स्कूल में शिक्षक हैं और वर्तमान में डोबरा-चांठी में तैनात हैं, जबकि उनकी माता गीता नेगी गृहिणी हैं।

मीनल का परिवार दून के बंजारावाला स्थित मधुर विहार में रहता है। मीनल ने अपनी प्रारंभिक पढ़ाई चंबा से पूरी की। इसके बाद उन्होंने देहरादून के डीएवी पब्लिक स्कूल से 12वीं की परीक्षा 98 प्रतिशत अंकों के साथ उत्तीर्ण की।

बचपन से ही उनका सपना सिविल सेवा में जाने का था और उसी लक्ष्य को ध्यान में रखकर उन्होंने अपनी पढ़ाई जारी रखी। मीनल ने बताया कि उन्होंने देहरादून में घर से ही आनलाइन माध्यम से कोचिंग लेकर यूपीएससी की तैयारी की।

शुरुआत में वह दिल्ली जाकर कोचिंग करने का सोच रही थीं, लेकिन बाद में घर से ही आनलाइन तैयारी जारी रखने का निर्णय लिया। वह बताती हैं कि पहली बार वह केवल परीक्षा देने के लिए ही दिल्ली गई थीं।

मीनल के अनुसार यूपीएससी जैसी कठिन परीक्षा में सफलता के लिए लगातार मेहनत, धैर्य और सही रणनीति बेहद जरूरी है। उन्होंने बताया कि अपने पहले प्रयास में वह प्रारंभिक परीक्षा (प्री) भी पास नहीं कर सकी थीं।
हालांकि, उन्होंने हार नहीं मानी, बल्कि अपनी गलतियों का विश्लेषण कर तैयारी की रणनीति में बदलाव किया। इसी का परिणाम रहा कि दूसरे प्रयास में उन्होंने 66वीं रैंक हासिल कर सफलता प्राप्त की।

मीनल ने यूपीएससी की तैयारी कर रहे छात्रों को सलाह दी कि सबसे पहले अपने लक्ष्य को लेकर स्पष्ट रहें। पढ़ाई के लिए नियमित समय तय करें, सही अध्ययन सामग्री का चयन करें और लगातार रिवीजन करते रहें। उन्होंने कहा कि असफलता से घबराने के बजाय उससे सीख लेकर आगे बढ़ना ही सफलता की कुंजी है।

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