जागरण संवाददाता, ऋषिकेश : उत्तराखंड प्रदेश कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष किशोर उपाध्याय ने कहा कि उत्तराखंड में राजनीतिक यात्राएं चल रही है लेकिन सरकार चारधाम यात्रा को नहीं खोल रही है। वह 17 सितंबर एकादशी के दिन सरकार के इस प्रतिबंध के खिलाफ स्वयं बदरीनाथ दर्शन के लिए जाएंगे। तब तक वहां से वापस नहीं लौटेंगे जब तक सरकार चारधाम की यात्रा नहीं खोल देती है।

देहरादून रोड स्थित एक होटल में पत्रकारों से बातचीत में कांग्रेसी नेता किशोर उपाध्याय ने कहा कि कोरोना संक्रमण के नाम पर प्रदेश सरकार ने चारधाम यात्रा पर अब तक रोक लगा रखी है। जबकि वर्तमान में उत्तराखंड के हालात सुधरे हैं। सरकार राजनीतिक यात्रा कर रही हैं लेकिन यहां के पर्यटन और परिवहन व्यवसायियों के हक से जुड़े चारधाम यात्रा के सवाल पर कुछ नहीं कर रही है। उन्होंने कहा कि अब चारधाम के कपाट बंद होने में दो महीने से रह गए हैं सरकार को सीमित संख्या में चार धाम यात्रा खोल देनी चाहिए।

यह भी पढ़ें- महाराणा प्रताप की प्रतिमा के अनावरण पर हंगामा, कैबिनेट मंत्री के सामने ही भिड़े भाजपा कार्यकर्त्ता

कांग्रेस पूर्व अध्यक्ष उपाध्याय ने कहा कि परिवहन और पर्यटन व्यवसाय बंद होने से इन सभी छोटे बड़े व्यवसायियों को करीब 15 हजार करोड रुपये का नुकसान हुआ है। सरकार को चाहिए कि वह इन व्यवसायियों के सभी ऋण और टैक्स माफ करें। बताया कि इन मुद्दों को लेकर उन्होंने मुख्यमंत्री पुष्कर ङ्क्षसह धामी से मुलाकात कर उन्हें कुछ सुझाव दिए थे। सरकार को चाहिए कि वह केंद्र और राज्य के सभी वित्तीय संस्थाओं के प्रतिनिधियों की तत्काल बैठक बुलाएं। इस मौके पर पूर्व ब्लाक प्रमुख डा. केएस राणा, पूर्व जिला पंचायत सदस्य जय ङ्क्षसह रावत, एआइसीसी के सदस्य जयेंद्र रमोला, कांग्रेस के प्रदेश सचिव विजय पाल रावत, मनोज गुसाईं, दिनेश भट्ट, भगवती प्रसाद सेमवाल और देव पोखरियाल आदि मौजूद रहे।

यह भी पढ़ें- सिर्फ सत्ता परिवर्तन ही नहीं आम आदमी के जीवन में परिवर्तन चाहती है कांग्रेस : हरीश रावत

Edited By: Sumit Kumar