यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 01, 2021 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
आदि शंकराचार्य की प्रतिमा अनावरण कार्यक्रम में शामिल होंगे संत, पांच को पीएम मोदी आएंगे केदारनाथ
पांच नवंबर को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी (Prime Minister Narendra Modi) के हाथों आदि शंकराचार्य की प्रतिमा के अनावरण के अवसर ...और पढ़ें

राज्य ब्यूरो, देहरादून। Kedarnath Dham केदारनाथ में पांच नवंबर को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी (Prime Minister Narendra Modi) के हाथों आदि शंकराचार्य की प्रतिमा के अनावरण के अवसर पर प्रमुख संत भी मौजूद रहेंगे। प्रधानमंत्री कार्यालय (पीएमओ) ने इस संबंध में जानकारी मांगी है। इसे देखते हुए उत्तराखंड चारधाम देवस्थानम प्रबंधन बोर्ड (Uttarakhand Chardham Devasthanam Management Board) हरिद्वार और ऋषिकेश में अखाड़ों के साथ ही संतों से संपर्क कर रहा है। प्रतिमा अनावरण कार्यक्रम को भाजपा ने सभी ज्योतिर्लिंगों के साथ ही शिवालयों से जोड़ा है, जहां कार्यक्रम का सीधा प्रसारण होगा।
इसके साथ ही शिवालयों में साधु-संतों व श्रद्धालुओं के साथ भाजपा कार्यकर्त्ता जलाभिषेक करेंगे। केदारनाथ (Kedarnath) में होने वाले इस महत्वपूर्ण कार्यक्रम में शामिल होने के लिए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रमुख संतों के साथ ही सभी राज्यों के राज्यपाल, मुख्यमंत्री और केंद्रीय मंत्रियों को न्योता भेजा है। पीएमओ ने भी केदारनाथ में होने वाले कार्यक्रम में प्रमुख संतों की मौजूदगी के मद्देनजर चारधाम देवस्थानम प्रबंधन बोर्ड से जानकारी मांगी है।
बोर्ड के मीडिया प्रभारी डा हरीश गौड़ के मुताबिक इस कड़ी में हरिद्वार व ऋषिकेश से अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद (Akhil Bhartiya Akhara Parishad) के पदाधिकारियों के अलावा सभी अखाड़ों के पदाधिकारियों, महामंडलेश्वरों और प्रमुख संतों के बारे में सोमवार शाम तक जानकारी मांगी गई है। फिर यह ब्योरा पीएमओ को भेजा जाएगा। माना जा रहा है कि इसके आधार पर प्रमुख संतों को पीएमओ की ओर से पांच नवंबर को केदारनाथ आने का न्योता भेजा जाएगा।
कांग्रेस पांच को शिवालयों में करेगी जलाभिषेक
कांग्रेस ने पांच नवंबर को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के केदारनाथ दौरे के दिन सभी जिलों के 12-12 शिवालयों में गंगाजल से जलाभिषेक करेगी। इसके साथ ही भजन-कीर्तन कार्यक्रम आयोजित करने का भी निर्णय लिया गया है। कांग्रेस ने पिछले पांच साल में केदारनाथ में निर्माण कार्य अवरुद्ध होने का आरोप लगाया है।
