संवाद सूत्र, चकराता: उपजिलाधिकारी संगीता कनौजिया के निर्देशन में स्वास्थ्य विभाग टीम ने जौनसार-बावर में कोविड टेस्ट की प्रक्रिया में तेजी लाने के प्रयास शुरू कर दिए। इसी कड़ी में स्वास्थ्य विभाग टीम ने सीमांत त्यूणी, चकराता और कालसी तीनों तहसील से जुड़े कई ग्रामीण इलाकों में कुल 626 स्थानीय नागरिकों की जांच की। इसमें कुल 35 लोग कोरोना संक्रमित मिले। त्यूणी क्षेत्र में कोरोना के सबसे अधिक 20 नए मामले सामने आए हैं। कोरोना की रोकथाम को स्थानीय पुलिस-प्रशासन ने मैंद्रथ को नया कंटेनमेंट जोन बनाने की जांच रिपोर्ट जिलाधिकारी को प्रेषित की है।

संक्रमण की दूसरी लहर चलने से जनजाति क्षेत्र जौनसार-बावर के कई ग्रामीण इलाकों में कोरोना का ग्राफ बढ़ने से स्थानीय ग्रामीण जनता की नींद उड़ गई। कोविड-19 संक्रमण की रोकथाम को स्थानीय प्रशासन के निर्देशन में स्वास्थ्य विभाग की टीम ने जांच बढ़ा दी है। ग्रामीण इलाकों में पहुंची स्वास्थ्य विभाग टीम ने अलग-अलग जगह आरटीपीसीआर और अन्य टेस्ट किए। सीएचसी चकराता के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. केशर सिंह चौहान ने कहा कि सोमवार को स्वास्थ्य विभाग टीम ने चकराता तहसील क्षेत्र से जुड़े विभिन्न गांवों में 167 व्यक्तियों की कोरोना जांच की गई। इस दौरान चार व्यक्तियों की कोरोना रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। इसी तरह प्रभारी चिकित्साधिकारी डॉ. नरेंद्र राणा ने बताया सीमांत त्यूणी तहसील क्षेत्र से जुड़े विभिन्न गांवों में कुल 179 नागारिकों की जांच की गई। इसमें कुल 20 लोग कोरोना संक्रमित मिले। एंटीजन टेस्ट में मैंद्रथ पंचायत के सबसे अधिक 12 व्यक्तियों की रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। इसकी रोकथाम को स्थानीय प्रशासन ने कोरोना प्रभावित मैंद्रथ गांव को कंटेनमेंट जोन बनाने की रिपोर्ट जिला प्रशासन को भेजी है। राजकीय अस्पताल कालसी की प्रभारी चिकित्साधिकारी डॉ. गरिमा भट्ट ने कहा कि प्रखंड से जुड़े ग्रामीण इलाकों में कुल 280 व्यक्तियों की कोरोना जांच हुई। इसमें लखवाड़ क्षेत्र के 153 व्यक्तियों के आरटीपीसीआर टेस्ट के नमूने जांच को देहरादून मुख्यालय भेजे जा रहे हैं। इसके अलावा कालसी क्षेत्र में 11 व्यक्तियों की कोरोना जांच रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। उक्त सभी कोरोना संक्रमित मरीजों को स्वास्थ्य विभाग की निगरानी में होम आइसोलेट किया गया है।