राज्‍य ब्‍यूरो, देहरादून। मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने शनिवार को हरिद्वार रोड जोगीवाला चौक स्थित कैलाश अस्पताल में कैलाश ओमेगा कैंसर सेंटर का शुभारंभ किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस केयर सेंटर की स्थापना से प्रदेश की बड़ी आवश्यकता की पूर्ति होगी। उन्होंने कहा कि बढ़ती बीमारियों के स्वरूप को देखते हुए उनके उपचार के लिए भी समेकित प्रयासों की जरूरत है। राज्य के पर्वतीय क्षेत्रों में स्वास्थ्य सुविधाओं की उपलब्धता हमारे लिए चुनौती रही है। पर्वतीय क्षेत्रों मे स्वास्थ्य सुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए अनेक प्रयास किए गए हैं। इस दिशा में प्रभावी पहल की गई है। राज्य में अब तक 2200 चिकित्सकों की तैनाती की गई है। स्वास्थ्य केंद्रों के सुदृढ़ीकरण के भी कारगर प्रयास किये गये हैं।

मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र ने कहा कि राज्य में चिकित्सा सेवाओं को बेहतर करने के लिए हर संभव प्रयास किए गए हैं। 10 माह पूर्व जहां राज्य में कुल 216 आईसीयू बेड व 116 वेंटीलेटर्स थे, अब बढ़कर 863 आईसीयू बेड व 695 वेंटीलेटर्स हो गए हैं। उन्होंने एलोपेथी, आयुर्वेद एवं यूनानी चिकित्सा पद्धतियों को आपसी समन्वय से कार्य करने पर बल देते हुए कहा कि आज इनके आपसी समन्वय की आवश्यकता भी महसूस की जा रही है। यह पद्धतियां एक दूसरे के विरोधी नहीं पूरक बनकर जनता को बेहतर स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध कराने में कैसे मददगार हो सके इस दिशा में भी प्रयासों की उन्होंने जरूरत बतायी। मुख्यमंत्री ने प्रदेश में फिजियोथिरेपी को बढ़ावा देने के लिए अच्छे अनुभवी फिजियोथिरेपिस्टों की भी जरूरत बतायी।

मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र ने कैलाश अस्पताल के चेयरमैन डॉ महेश शर्मा का प्रदेश में स्वास्थ्य सुविधाओं के विकास में सहयोग के लिए आभार जताते हुए कहा कि डॉ शर्मा ने पूर्व में केंद्रीय मंत्री रहते हुए प्रदेश में सांइस सिटी की स्थापना के साथ ही विभिन्न मंदिरों के पुनरूद्धार एवं सौन्दर्यीकरण के लिए केंद्रीय सहायता उपलब्ध कराई थी। मुख्यमंत्री ने कहा कि देहरादून में स्थापित देश की 5वीं सांइस सिटी विज्ञान शिक्षा के क्षेत्र में उपयोगी होगी साथ ही इसमें विज्ञान की नई गतिविधियों की जानकारी हमारे युवा विज्ञानियों एवं युवाओं को उपलब्ध होगी। उन्होंने कहा कि राज्य में साइंस सिटी स्थापना का उनका 2005 से ख्वाब रहा है। इसकी प्रेरणा उन्हें गांधीनगर की साइंस सिटी को देखकर मिली थी।

कैबिनेट मंत्री मदन कौशिक ने कहा कि कोरोना काल में भी कैलाश अस्पताल ने बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं प्रदान कर जनता की परेशानियों को दूर करने का प्रयास किया है। उन्होंने कहा कि कोरोना की बीमारी ने हमें बहुत कुछ सिखाया ही नहीं इससे हमें अपनी स्वास्थ्य सुविधाओं को मजबूत करने का अवसर भी मिला है।

अस्पताल के चेयरमैन डॉ. महेश शर्मा ने कहा कि यह अस्पताल उत्तराखंड वासियों का हृद्य रोग के साथ ही केंसर रोग के उपचार की जरूरत को पूरा करने में सहायक होगा। उन्होंने कहा कि इस अस्पताल के माध्यम से प्रदेशवासियों की सेवा का उनका प्रयास है।

इस अवसर पर मेयर सुनील उनियाल गामा, ओमेगा अस्पताल के डॉ पी श्रीधर ने भी अपने विचार व्यक्त किए। कार्यक्रम में निदेशक कैलाश अस्पताल, डॉ. पवन शर्मा के साथ ही अनेक जनप्रतिनिधि एवं अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।

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