जागरण संवाददाता, देहरादून। आम आदमी पार्टी (आप) के प्रदेश अध्यक्ष एसएस कलेर ने कहा कि केंद्र सरकार कृषि कानूनों में किसानों का नहीं बल्कि अपना हित देख रही है। उन्होंने कहा कि आप किसानों के आंदोलन को पूरी तरह समर्थन दे रही है। साथ ही उन्होंने केंद्र से तीनों कृषि कानूनों वापस लेने की मांग की। 

शुक्रवार को आप प्रदेश अध्यक्ष की ओर से प्रेस को जारी बयान में कहा कि केंद्र सरकार कृषि कानूनों को जबरन किसानों पर थोपने की कोशिश कर रही है। कई किसान आंदोलन के दौरान अपनी जान गंवा चुके हैं। इसके बावजूद इन कानूनों को वापस नहीं लिया जा रहा है। इससे साफ है कि  सरकार की मंशा है कि किसानों को उन्हीं के खेतों में गुलाम बना दिया जाए। एक तरफ केंद्र सरकार आधुनिक और आत्मनिर्भर भारत की बात कर रही है। वहीं, दूसरी और किसानों को सड़कों पर मरने के लिए छोड़ दिया है। उन्होंने कहा कि केंद्र को एमएसपी पर कानून बनाना चाहिए, जिससे किसानों को उनकी फसल का समर्थन मूल्य मिल सके।

बसपा में आगामी चुनावों को लेकर बंटी जिम्मेदारी

बहुजन समाज पार्टी ने आगामी चुनावों को लेकर सक्रिय हो गई है। पार्टी की मासिक बैठक में शुक्रवार को वरिष्ठ नेताओं को विधानसभावार जिम्मेदारियां बांटी गई। पार्टी की प्रांतीय कार्यकारिणी ने हर सदस्य को सक्रियता के साथ अपने क्षेत्र में सदस्यता बढ़ाने के निर्देश दिए हैं। पंचायती मंदिर सभागार में पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष नरेश गौतम ने कहा कि यह समय पूरी सक्रियता के साथ पार्टी एवं समाज के लिए काम करने का है। उन्होंने विधानसभा वार जिम्मेदारी सौंपने के साथ ही जिम्मेदार नेताओं को सेक्टर कमेटी एवं बूथ कमेटियों का गठन करने के निर्देश दिए। बैठक में पूर्व प्रदेश अध्यक्ष एवं लोकसभा प्रभारी चौधरी शीशपाल सिंह, जिला अध्यक्ष एचएल कन्याल, खुशीराम, मंगतराम, बंटी समेत अन्य लोग मौजूद रहे। 

इन्हें मिली जिम्मेदारी

धर्मपुर, रायपुर विधानसभा की जिम्मेदारी सत्यपाल, पूर्व जिलाध्यक्ष शकील मंसूरी और सत्य प्रकाश को मिली। वहीं मसूरी की जिम्मेदारी सुंदरलाल एवं सत्येंद्र चोपड़ा, कैंट विधानसभा की जिम्मेदारी दिग्विजय सिंह और रमेश कुमार को दी गई है। डोईवाला और ऋषिकेश विधानसभा का दायित्व रमेश कुमार, जिलाध्यक्ष एचएल कन्याल और प्रदेश सचिव सत्येंद्र सिंह को सौंपा गया है। चकराता, विकास नगर एवं सहसपुर की जिम्मेदारी मंगत राम कटारिया, बलजीत सिंह, गणेश शंकर को दी गई है। 

यह भी पढ़ें- उत्तराखंड कांग्रेस के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष उपाध्याय बोले, वन कानूनों ने प्रदेशवासियों के हकों पर किया कुठाराघात

Edited By: Raksha Panthri