जागरण संवाददाता, देहरादून। Drug De Addiction Center सरस्वती विहार स्थित जीवन संकल्प नशा मुक्ति केंद्र में क्षमता से अधिक मरीज दाखिल किए गए हैं, जबकि यहां सुरक्षा कर्मी की कोई व्यवस्था नहीं है। इसका पता जिला समाज कल्याण अधिकारी हेमलता पांडे व जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सदस्य जहांगीर आलम के औचक निरीक्षण के दौरान चला।

सोमवार को जिला समाज कल्याण अधिकारी हेमलता पांडे व जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सदस्य जहांगीर आलम ने उक्त नशा मुक्ति केंद्र का औचक निरीक्षक किया। जहांगीर आलम ने बताया कि नशामुक्ति केंद्र के निरीक्षण के दौरान पाया गया कि स्टाफ का हाल ही में पुलिस वेरिफिकेशन कराया गया है, जो चिकित्सक विजिट पर आते हैं उनका रिकार्ड मेंटेन किया गया है। खाने की व्यवस्था से लेकर रूम आदि की सफाई भी ठीक पाई गई।

इस दौरान समाज कल्याण अधिकारी ने नशा मुक्ति केंद्र के संचालक को निर्देशित किया कि केंद्र की जो भी कागजी कार्रवाई होती है वह अपने कंप्यूटर पर दर्ज करें। केंद्र में दाखिल व्यक्तियों ने बताया कि उनको सही समय पर भोजन व दवाइयां उपलब्ध कराई जाती हैं। उन्होंने केंद्र में जल्द ही एक सुरक्षा कर्मी की तैनाती करने के निर्देश दिए।

तीन दारोगा बदले, अमरजीत बने रायपुर के एसओ

एसएसपी जन्मेजय खंडूड़ी ने सोमवार को तीन दरोगाओं के तबादले कर दिए हैं। इनमें रायपुर के एसओ दिलबर सिंह नेगी को उनके अनुरोध पर एसएसपी कार्यालय में तैनात कर दिया है, वहीं रायवाला के एसओ अमरजीत सिंह रावत को रायपुर का एसओ बनाया गया है। 

यह भी पढ़ें- नशा मुक्ति केंद्रों में होता है शर्मनाक बर्ताव, जुल्म की इंतहा से लेकर सामने आते हैं कई चौंकाने वाले सच

अमरजीत सिंह पहले भी रायपुर के एसओ रह चुके हैं। कुछ समय पहले उनका तबादला रायवाला थाने में किया गया था। इसके अलावा पटेलनगर कोतवाली में तैनात एसएसआइ भुवन पुजारी को रायवाला का एसओ बनाया गया है। भुवन पुजारी काफी तेज तर्रार एसओ हैं और डोईवाला में किडनी कांड में उन्होंने कई आरोपितों को गिरफ्तार किया था।

यह भी पढ़ें- देहारदून: नशा मुक्ति केंद्रों पर शिकंजा कसने की तैयारी, दुष्कर्म का मामला सामने के बाद बरती जा रही सख्ती

Edited By: Raksha Panthri