संवाद सहयोगी, द्वाराहाट : पंप ऑपरेटरों की लापरवाही के चलते विकासखंड के 26 गावों की प्यास बुझाने वाली खिरोघाटी ग्रामसमूह पंपिंग पेयजल योजना एक सप्ताह से ठप पड़ी है। इससे क्षेत्र की करीब आठ हजार की आबादी पानी की बूंद-बूंद के लिए तरस गई है। कई गांवों के लोग प्यास बुझाने के लिए नदी नालों से इंतजाम कर रहे हैं। इधर विभागीय अधिकारियों ने लापरवाही बरतने वाले दोनों ऑपरेटरों की सेवाएं समाप्त कर दी हैं।

विकासखंड के करीब 26 गांवों की आठ हजार की आबादी की प्यास बुझाने के लिए वर्ष 2012-13 में लगभग 12 करोड़ की लागत से खिरोघाटी ग्रामसमूह पंपिंग पेयजल योजना का निर्माण किया गया। ग्रामीणों का कहना है बीती 28 नवंबर योजना में पानी की एक बूंद भी नहीं टपक रही है। जिस कारण लोगों को किल्लत का सामना करना पड़ रहा है। इधर विभागीय अधिकारी योजना में आई खराबी के लिए पंप ऑपरेटरों को जिम्मेदार ठहरा रहे हैं।

=================== इन गावों को नहीं मिल रहा पानी

चमीनी, कुंस्यारी, बड़ेत, धन्यारी, हल्दू, खलना, पैठानी, असगोली, छतगुल्ला, सलना, बूंगा, तल्ली कहाली, मैनोली, ऊंचाकोट, तल्ली मिरई, पिनोली, मल्ली मिरई, सिमलगाव, कुई, किरोली, कलौटिया, छतीना, बसेरा, पौनली, बसकना व कूना आदि। =================== 'असगोली स्थित पंप में कार्यरत दो ऑपरेटरों की लापरवाही से पंप में पूरा पानी भर गया है। पूरी तरह पानी भरने से खराब मोटर व पंप को खोलकर ठीक किया जा रहा है। दो से तीन तीन का समय लगेगा। इसके बाद ही पानी की आपूर्ति सुचारु हो सकेगी। दोनों ऑपरेटरों के विरुद्ध कार्रवाई कर उनकी सेवाएं समाप्त कर दी गई हैं।

- एसएस रौतेला, अवर अभियंता, जल संस्थान'

Posted By: Jagran

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