वाराणसी : भारतीय कंपनी सचिव संस्थान के स्वर्णजयंती समारोह के मौके पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नई दिल्ली स्थित विज्ञान भवन से द्विपक्षीय वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से संस्था के सभी 70 शाखाओं पर 55 हजार से अधिक कंपनी सचिव और चार लाख छात्र-छात्राओं को संबोधित किया।

प्रधानमंत्री ने संस्थान से जुड़े सभी लोगों को संस्थान के सफल 50 वर्ष पूरे होने पर बधाई दी। उनके दायित्व के संदर्भ में विचार व्यक्त किया। उन्होंने संस्थान से जुड़े सभी सदस्यों से आग्रह किया किया कि वे अपने दायित्व को भली-भांति समझें व उनका सही ढंग से अनुपालन करने का प्रयास करें। क्योंकि उनकी महत्वपूर्ण भूमिका है। संस्थान से जुड़े सदस्यों ने पीएम के संबोधन से प्रेरित होकर अपने दायित्व निर्वहन का संकल्प लिया।

कंपनी सेक्रेटरी वाराणसी चैप्टर की ओर से आयोजित कार्यक्रम में मुख्य अतिथि राज्यमंत्री नीलकंठ तिवारी व विशिष्ट अतिथि विधायक रवींद्र जायसवाल थे। अतिथि द्वय ने सभी सीएस सदस्यों, छात्र-छात्राओं को बधाई दी और संबोधित किया।

जीएसटी की जटिल व सूक्ष्म

प्रावधानों का किया विश्लेषण

प्रधानमंत्री के संबोधन के पूर्व वाराणसी शाखा की ओर से नई कर प्रणाली गुड्स एंड सर्विस टैक्स यानी जीएसटी पर चर्चा की गई। सीएस आकाश कंदोई व सीएस जीडी दुबे ने जीएसटी की जटिल व सूक्ष्म प्रावधानों का विश्लेषण किया। साथ ही कार्यक्रम में मौजूद उद्यमी व व्यापारियों के शंकाओं का समाधान किया। व्यापारियों ने भी जीएसटी के रिटर्न व प्रक्रियागत जटिलताओं को दूर करने पर बल दिया।

सीएस आरके सिंह व सीएस कार्तिक अग्रवाल ने बताया कि वर्तमान में समय को देखते हुए और नित्य नए कानून जैसे जीएसटी, सिक्योरिटी लॉ, इनसाल्वेंसी एंड बैंक रैप्सी कोड, कंपनी लॉ आदि बदलाव हो रहे हैं। परिवर्तन को देखते हुए किसी भी कंपनी के परिप्रेक्ष्य में एक कंपनी सचिव बहुत ही दक्ष व कुशल प्रोफेशनल व एक्सपर्ट है। कार्यक्रम का संचालन सीएस सोनाली गुप्ता, अर्पणा राय, सीएस वैशाली सिंह तथा धन्यवाद ज्ञापन सीएस नमिता उज्जवल ने किया।

शाखा अध्यक्ष सीएस अजय कुमार जायसवाल व पूर्व अध्यक्ष सीएस सुशील कंदोई ने बताया कि कंपनी सचिव संस्थान वर्ष 1968 में स्थापित हुआ था। बताया कि यह पाठ्यक्रम इंटर के बाद सामान्य फीस देकर ज्वाइन किया जा सकता है।

इनकी रही भागीदारी : प्रमुख उद्यमी आरके चौधरी, अशोक गुप्ता, सीए अतुल सेठ, सीएस आरके सिंह, सीएस अमित भार्गवा, सीएस नंदिता गुजराती, सतीश चंद्र मिश्रा, प्रोफेसर केके अग्रवाल, आशीष कुमार आदि उपस्थित थे।

Posted By: Jagran