बीएचयू में सत्र शुरू होते ही रैगिंग को लेकर कड़ाई, बोले अधिकारी - 'अनदेखी न करें, तत्काल करें शिकायत'
काशी हिंदू विश्वविद्यालय के दंत विज्ञान संकाय में नए बीडीएस छात्रों के लिए एंटी-रैगिंग जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें ...और पढ़ें

बीएचयू दंत संकाय में रैगिंग के खिलाफ सख्त संदेश, नए छात्रों को मिली जानकारी।
HighLights
नए बीडीएस छात्रों के लिए एंटी-रैगिंग कार्यक्रम आयोजित।
रैगिंग रोकथाम, शिकायत प्रक्रिया की विस्तृत जानकारी दी गई।
सुरक्षित, सम्मानजनक शैक्षणिक वातावरण बनाने का संकल्प लिया।
जागरण संवाददाता, वाराणसी। काशी हिंदू विश्वविद्यालय के चिकित्सा विज्ञान संस्थान स्थित दंत विज्ञान संकाय में सोमवार को नवप्रवेशी बीडीएस विद्यार्थियों के दीक्षारंभ एवं अभिमुखीकरण कार्यक्रम के तहत एंटी-रैगिंग जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें विद्यार्थियों को रैगिंग की रोकथाम और शिकायत की प्रक्रिया की जानकारी दी गई।
संकायाध्यक्ष एवं विभागाध्यक्ष प्रो. अतुल भटनागर ने सुरक्षित और अनुशासित शैक्षणिक वातावरण के लिए आत्मसम्मान और पारस्परिक सम्मान को जरूरी बताया। इस दौरान एंटी-रैगिंग पुस्तिका का विमोचन भी किया गया।
बीएचयू की एंटी-रैगिंग स्क्वाड के अध्यक्ष प्रो. ललित अग्रवाल ने विद्यार्थियों से रैगिंग की घटनाओं की अनदेखी न करने और तत्काल शिकायत करने की अपील की।
उन्होंने कहा कि विद्यार्थी उत्पीड़क नहीं, मार्गदर्शक बनें। मित्रता और सहयोग परिसर को मजबूत बनाते हैं, जबकि रैगिंग उसके मूल्यों को कमजोर करती है। दंत विज्ञान संकाय की एंटी-रैगिंग स्क्वाड के अध्यक्ष प्रो. टीपी चतुर्वेदी ने मानसिक दृढ़ता, शारीरिक स्वास्थ्य और सौहार्दपूर्ण व्यवहार के महत्व पर प्रकाश डाला।
एक कक्षा प्रतिनिधि ने भी अपने अनुभव साझा करते हुए रैगिंग-मुक्त परिसर के निर्माण में विद्यार्थियों की सामूहिक जिम्मेदारी रेखांकित की। संकाय ने रैगिंग के प्रति शून्य-सहिष्णुता की नीति दोहराते हुए सुरक्षित एवं सम्मानजनक शैक्षणिक वातावरण बनाए रखने का संकल्प लिया।
