वाराणसी, जेएनएन। लघु उद्योग भारती संघटन काशी प्रांत की आनलाइन बैठक शुक्रवार को हुई। बैठक का मुख्य उद्देश्य कोरोना काल में उद्यमियों की समस्या व उसका निदान पर चर्चा करना था। प्रदेश अध्यक्ष जनक भाटिया ने बताया कि संघटन द्वारा अलग-अलग उद्योगों का राष्ट्रीय स्तर पर एक समूह बनाया जा रहा है, जिसमें उसी ट्रेड के लोग रहेंगे। ताकि उद्यमियों की समस्याओं का हल एक्सपर्ट निकाल सके।

प्रदेश महामंत्री दीपक अग्रवाल ने जीएसटी के कारण आ रही उद्यमियों की समस्याओं पर विस्तार से चर्चा की। साथ ही संघटन के केंद्रीय सदस्यों के संज्ञान में लाकर जल्द से जल्द निदान करवाने का आश्वासन भी दिया। कृषि यंत्र पर जीएसटी लगने से आ रही समस्याओं को भारत भूषण गुप्ता ने बताया। कहा कि सरकार यदि कृषि यंत्रों पर जीएसटी समाप्त नहीं करती है तो कम से कम जीएसटी दर को घटा कर पांच फीसद कर दे।

 लघु उद्योग भारती ग्राम शिल्पी प्रकोष्ठ के मनोज वर्मा ने छोटे ग्रामीण, नगरीय शिल्पियों के समूह को संघटन से जोड़ने का सभी से आह्वान किया। ताकि इस असंगठित क्षेत्र के कारीगरों की कठिनाइयों को दूर किया जा सके। काशी प्रांत के अध्यक्ष राजेश कुमार सिंह ने ग्राम शिल्पियों , कुम्भार, खिलौना कारीगर, गुलाबी मीनाकारी, स्टोन कारीगरी, हथकरघा बुनकरों के हित में  काशी प्रांत मे हुए कार्यों को विस्तार से बताया। सरकार की कोविड-19 गाइड लाइन के अनुपालन में वाराणसी के कारखियांव  एवं चांदपुर इंडस्ट्रियल एस्टेट में संघटन से जुड़े उद्यमियों ने अपनी फैक्ट्री में कोविड डेस्क एवं आइसोलेशन रूम स्थापित कर लिया है। ज्योति शंकर मिश्रा ने बैंको द्वारा ऋण पर ब्याज माफी के साथ ही 25 किलोवाट तक के बिजली कनेक्शन पर फिक्स न लेकर केवल रीडिंग के आधार पर बिजली भुक्तान लेने की मांग की है। कृष्ण परोलिया ने गायत्री मंत्र के साथ कार्यक्रम की शुरुआत की तथा संचालन किया। बैठक में अजय अग्निहोत्री, भारत थ्रेड, भारत भूषण गुप्ता, अरुण सिंह, वशिष्ठ यादव, विशाल विश्वकर्मा, राकेश अग्रवाल, मोहमद अरम, विशाल गुप्ता आदि मौजूद थे।

Edited By: Saurabh Chakravarty