वाराणसी, जागरण संवाददाता। जिले में पांच दिनों के अंदर हुई दो लूट की बड़ी घटनाओं ने पुलिस की परेशानी बढ़ा दी है। बांसडीह व रसड़ा कोतवाली में एक के बाद एक घटना में पुलिस के हाथ खाली हैं। इसको लेकर पुलिस अब बिहार के बदमाशों पर भी नजर गड़ाए हुए है। उनका मानना है कि वहां के लुटेरे यहां आकर घटना को अंजाम देकर वापस अपने इलाके में पहुंच गये हैं।

बिहार के बक्सर, सीवान, छपरा व भोजपुर जिले की सीमा लगती है। इन जिलों की पुलिस से वे संपर्क स्थापित करने लगे हैं। लूटपाट का गिरोह पुलिस को कड़ी चुनौती पेश कर रहे हैं। पुलिस इन दोनों घटनाओं के पर्दाफाश के लिए अपने तंत्र लगा दिया है। 22 जुलाई की शाम को पेट्रोल पंप के मुनीम संजय गोंड पर हमला कर 8. 88 लाख रुपये लूट लिए थे। इस घटना को लेकर पुलिस लगी हुई थी, तब तक रसड़ा के बढुबांध पर हिताची एटीएम के फ्रेंचाइजी संचालक आफताब अहमद से 8.13 लाख रुपये लूट लिए।

अज्ञात बदमाशों पर केस, गाजीपुर व मऊ सीमा की भी पुलिस सतर्क

रसड़ा-कासिमाबाद मार्ग के नगहर व बढुबांध के बीच लबे सड़क पर दिनदहाड़े हिताची एटीएम के फ्रेंचाइजी संचालक आफताब अहमद से 8.13 लाख लूट की घटना के 24 घंटे बीत जाने के बाद भी मंगलवार को लुटेरों काे पकड़ा नहीं जा सका। पुलिस अधीक्षक ने चार टीमें गठित कीं हैं। गाजीपुर व मऊ की सीमावर्ती थाना क्षेत्र कासिमाबाद, बरेसर व हलधरपुर की पुलिस को सक्रिय कर दिया गया है। सोमवार की रात फ्रेंचाइजी संचालक की तहरीर पर कोतवाली पुलिस ने तीन अज्ञात बदमाशों के खिलाफ लूट का मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस प्यारेलाल चौराहा, हिताकापुरा मोड़ पर लगे सीसीटीवी कैमरे को भी खंगाल रही है।

सीमा से सटे जनपदों के अलावा बिहार के बदमाशों पर भी नजर है

फिलहाल मिल रहे लिंक के आधार पर काम किया जा रहा है। सीमा से सटे जनपदों के अलावा बिहार के बदमाशों पर भी नजर है। टीम अलग-अलग तरीके से जांच कर रही है।

- शिव नारायण वैश्य, सीओ रसड़ा

 

Edited By: Saurabh Chakravarty