विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

पौराणि‍क शब्‍दों को काशी के आकाश में एयरफोर्स ने उतारा, एयर शो में 'महादेव' फार्मेशन से रिफ्यूलिंग का नजारा

By Saurabh AgrawalEdited By: Abhishek sharma
Published: Sat, 24 Oct 2026 08:02 PM (GMT+05:30)

वाराणसी के नमो घाट पर भारतीय वायुसेना ने एक शानदार एयर शो का प्रदर्शन किया, जिसमें राफेल, तेजस और सुखोई ...और पढ़ें

वाराणसी में वायुसेना का हैरतअंगेज एयर शो राफेल तेजस ने दिखाए अद्भुत करतब।

वाराणसी में वायुसेना का हैरतअंगेज एयर शो राफेल तेजस ने दिखाए अद्भुत करतब।

HighLights

  1. गरुड़ कमांडो ने रस्सी से उतरकर अनूठा समन्वय दिखाया।

  2. राफेल लड़ाकू विमान ने 180 डिग्री इनवर्टेड फ्लाइट से रोमांच भरा।

  3. महादेव फार्मेशन में हवा में ईंधन भरने का अद्भुत प्रदर्शन।

सौरभ अग्रवाल, जागरण, वाराणसी। हूटर बजाते हुए वायुसेना और पुलिस अधिकारियों की गाड़ियों का आना- जाना और हाथों में एयर शो देखने का आमंत्रण लेकर भदऊं चुंगी से ही कदमताल करते हुए लोगों की भीड़ बढ़ रही थी। कतार में लगे लोगों में जल्द अंदर पहुंचने की व्याकुलता साफ झलक रही थी।

नमो घाट के बाहर सुबह नौ बजे ही ऐसा नजारा था। अंदर भी कुर्सियां तेजी से भर रही थी। 11 बजते- बजते नमो घाट का हर हिस्सा खचाखच हो गया। जिसे जहां जगह मिली स्थान ले लिया और नजरें आसमान पर टिका दी। लोगों का उत्साह और जोश उफान मार रहा था।

इसी बीच 11.30 बजे आवाज गूंजी और एयर शो के कुछ ही क्षणों में शुरू होने की घोषणा हुई। भीड़ ने जोरदार हर हर महादेव का उद्धोष किया और घड़ी की सूइयों के 11.40 बजाते ही शक्ति, साहस और राेमांच का नजारे का आगाज हो गया।

गरुड़ कमांडो का अनूठा समन्वय और 'केदार' फार्मेशन

एयर शो की शुरूआत हेलीकाप्टरों के आगमन से हुई। ठीक 11.41 पर हेलीकाप्टर क्रूज के ऊपर पहुंचार और रस्सी से गरुड़ कमांडो नीचे उतरे। इसमें बेहतरीन समन्वय और अनुशासन को दर्शाया गया। इसके बाद 11:45 बजे 'काशी' फार्मेशन में तीन विमानों ने उड़ान भरी।

ठीक 11:46 बजे राफेल लड़ाकू विमानों ने 'केदार' फार्मेशन बनाया तो लोग देखते ही रह गए। 2500 किमी प्रतिघंटा की रफ्तार वाले लड़ाकू विमान ने आठ मिनट तक 180 डिग्री पर 'इनवर्टेड फ्लाइट' और वर्टिकल करतब दिखाकर लोगों में रोमांच भर दिया। सुबह 11:55 से 11:58 बजे के बीच 'सारनाथ' 360-डिग्री टर्न कर हावर्ड विमानों ने 'अतीत का गौरव, भविष्य की प्रेरणा' संदेश के साथ एरियल सैल्यूट दिया।

सुखोई-30 का 'हनुमान' फार्मेशन और मां गंगा को नमन
दोपहर 12:00 बजे सुखोई-30 एमकेआई ने 'हनुमान' फार्मेशन के तहत आसमान में प्रवेश किया। वायुवीरों ने सटीक तालमेल के साथ लूप, टंबल और यार्क जैसे जटिल मैनूवर किए गए। इसके बाद कलाइयां लगाते हुए 'मां गंगा को प्रणाम' किया। हनुमान चालीसा की चौपाईयों के बीच न्यूनतम टर्न रेडियस, आतिशबाजी और वर्टिकल चार्ली सैल्यूट से बजरंगबली की शक्ति को साकार कर दिया।

'सारंग' की लय और स्वदेशी 'तेजस' की रफ्तार

दोपहर 12:08 से 12:25 बजे तक वायुसेना के एम्बेसडर 'सारंग' हेलीकाप्टर दल ने आसमान में धुएं का तिरंगा बताते हुए आत्मनिर्भर भारत की झलक पेश की। डाल्फिन लीफ्स फार्मेशन के साथ स्वदेशी ध्रुव हेलीकप्टरों ने हवा में अद्भुत सामंजस्य का प्रदर्शन किया। दोपहर 12:41 बजे भारत के स्वदेशी हल्के लड़ाकू विमान 'तेजस' ने इंट्री ली।

बैकग्राउंड में 'गोविंदा नमो नमः' और 'महाकाल शंकर' की धुन के बीच तेजस ने 4-प्वाइंट रोल, रेड-आई टर्न और इनवर्टेड स्लो-स्पीड वाक का हैरतअंगेज प्रदर्शन किया। स्पाइडर फेयरवेल के दौरान उलटा होकर सैल्यूट करते हुए तेजस ने काशीवासियों को मंत्रमुग्ध कर दिया।

'ओंकार' से 'त्रिनेत्र' तक का संगम
शो का दूसरा चरण दोपहर 1:07 बजे शुरू हुआ। तीन हेलीकाप्टरों ने 'ओंकार' फार्मेशन बनाकर तिरंगा लहराया और पुष्पवर्षा की। इसके बाद रुद्र, सुखोई और अपाचे के साथ थल, नौ और वायुसेना के संयुक्त सामंजस्य को दर्शाने वाला 'त्रिदेव' फार्मेशन बना। 'अलकनंदा' फार्मेशन के तहत चिनूक हेलीकाप्टर ने हवा में '94' की आकृति बनाई।

महादेव' फार्मेशन से रिफ्यूलिंग का नजारा

दोपहर 1:17 बजे ट्रांसपोर्ट विमान सी-295 और डोर्नियर-228 ने 'भैरव' फार्मेशन बनाकर काल भैरव को नमन किया। इसके बाद सी-130 हरक्यूलिस ने 'कैलाश' और मिग-29 ने 'त्रिलोचन' फार्मेशन से अपनी क्षमता दिखाई। वहीं, हवा में ईंधन भरने वाले आइएल-78 एयर टैंकर और मिराज-2000 ने 'महादेव' फार्मेशन से रिफ्यूलिंग का नजारा दिखाया।

'शिव' फार्मेशन संग डाग फाइट से दुश्मन को खदेड़ा
दोपहर 1:28 बजे राफेल और सुखोई ने मिलकर 'प्रचंड' फार्मेशन से आसमान की सुरक्षा का अटूट संकल्प दोहराया। दोपहर 1:36 बजे तीन राफेल विमानों ने 'नीलकंठ' और 'शिव' फार्मेशन में डाग फाइट से दुश्मन को खदेड़ने के कौशल को प्रदर्शित किया।

सूर्यकिरण ने वीरों को समर्पित की प्रस्तुति

दोपहर 1:42 बजे शो के अंतिम पड़ाव में 'सूर्यकिरण' एरोबैटिक टीम के नौ लड़ाकू विमानों ने 'वी-विजय' फार्मेशन बनाकर वीरों को अपनी प्रस्तुति समर्पित की। एयरफोर्स पावर, इनवर्टेड विंग और डीएनए मैनूवर के साथ आसमान में तिरंगी छटा बिखेरते हुए एयर शो का समापन हुआ।