वाराणसी, जेएनएन। रमजान के आगाज को लेकर देश-दुनिया में तरावीह की नमाज की तैयारियों को अंतिम रूप दिया जा रहा है। इसके साथ इफ्तार के लिए खजूर की विभिन्न किस्मों से बाजार पट गया है। खासकर इस बार शुगर फ्री के साथ जार्डन के खजूर की आवक ज्यादा है। हालांकि, गत वर्ष की तुलना में इस बार 10 से 25 फीसद दाम बढ़े हैं। बावजूद इसके खरीदारी पर कोई फर्क नहीं पड़ा है।

दालमंडी के दुकानदार अहमद खान ने बताया कि बाजार में खजूर की ईरानी, इराकी, कीमिया, जैंबो, जार्डन वाली, कलमी, अजवा, खुबानी, सगई, हयात, सहारा, अंबर, ईरान की दबास आदि किस्में उपलब्ध हैं। ईरानी-इराकी खजूर जहां 100 रुपये प्रति किग्रा की दर से बिक रहा। वहीं हयात 350 व अजवा करीब ढाई हजार रुपये प्रति किग्रा है। अहमद खान ने बताया कि ग्राहकों की विशेष मांग पर बिना बीज वाली खजूर का भी स्टॉक किया गया है। ग्राहकों की मांग को देखते हुए 'एक के साथ एक मुफ्त' का ऑफर दिया जा रहा। डायबिटीज के मरीजों के लिए शुगर फ्री खजूर उपलब्ध है।

बताया यह तेजी से खराब हो जाता है, इसलिए इसका स्टॉक कम ही रखा जाता है। रमजान में सहरी करना सुन्नत माना जाता है। ऐसे में सेंवई, फेनी आदि की भी मांग बढ़ गई है। डालडा, रिफाइंड ऑयल व देसी घी से बनी सेंवई व लच्छों की जम कर खरीदारी हो रही है। रमजान के मद्देनजर खाद्य सामग्री की खरीदारी भी तेज हो चली है। शर्बत के लिए चीनी व अन्य पेय पदार्थो की खरीदारी को लोग बाजार आने लगे हैं।

लोकसभा चुनाव और क्रिकेट से संबंधित अपडेट पाने के लिए डाउनलोड करें जागरण एप

अब खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस, डाउनलोड करें जागरण एप