जौनपुर, जेएनएन। वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय में सत्र 2020-21 की यूजी-पीजी (स्नातक-स्नातकोत्तर) द्वितीय व तृतीय वर्ष की वार्षिक परीक्षा जल्द शुरू होने वाली है। इसके लिए विश्वविद्यालय में तैयारी तेजी से चल रही है। अंतिम सहमति मंगलवार को होने वाली परीक्षा समिति की बैठक में बनेगी। इसके साथ ही सभी प्रथम वर्ष व सेमेस्टर के छात्र-छात्राओं को शासन के आदेश के मुताबिक प्रोन्नत करने का निर्णय लिया गया है।

पूर्वांचल विश्वविद्यालय से संबद्ध मऊ, आजमगढ़, गाजीपुर, जौनपुर व हंड़िया प्रयागराज में लगभग 930 महाविद्यालय हैं। छात्र-छात्राओं ने अपना परीक्षा फार्म व फीस समय से महाविद्यालय में जमा कर दिया था। परीक्षा की तिथि भी निर्धारित होने वाली थी तभी कोरोना संक्रमण की बढ़ी रफ्तार के चलते शासन ने विश्वविद्यालय में पठन-पाठन के साथ परीक्षा पर भी रोक लगा दिया। जिस वजह से विश्वविद्यालय में संचालित होने वाले यूजी-पीजी डिप्लोमा व सेमेस्टर की परीक्षाएं नहीं हो सकी। कोरोना संक्रमण पर काबू पाते ही सरकार ने प्रथम वर्ष व प्रथम सेमेस्टर को छोड़कर द्वितीय व तृतीय वर्ष के छात्र-छात्राओं की परीक्षा कराने का फैसला लिया है।

बताया जा रहा है कि पिछले वर्ष भी कोरोना संक्रमण का खतरा व लाकडाउन था। जिस वजह से प्रथम वर्ष के छात्र-छात्राओं की परीक्षा नहीं हुई थी, उन्हें प्रमोट कर दिया गया था। इस बार शासन ने द्वितीय वर्ष, तृतीय वर्ष व अंतिम सेमेस्टर के छात्र-छात्राओं की परीक्षा कराने का निर्णय लिया है। जिसकी तैयारी विश्वविद्यालय स्तर पर जोर-शोर से चल रही है। उम्मीद है कि 28 जून से परीक्षाए शुरू होंगी। इसके लिए पूर्वांचल विश्वविद्यालय में मंगलवार को परीक्षा समिति की बैठक है। जिसमें कुलपति की अंतिम मुहर लगेगी। इसके बाद परीक्षा की तिथियां घोषित कर दी जाएगी।

यूजी-पीजी द्वितीय व तृतीय वर्ष की परीक्षा कराने का शासन का निर्देश प्राप्त हुआ है

यूजी-पीजी द्वितीय व तृतीय वर्ष की परीक्षा कराने का शासन का निर्देश प्राप्त हुआ है। जिसकी तैयारी चल रही है। तिथि का अंतिम निर्णय परीक्षा समिति की बैठक में लिया जाएगा।

-बीएन सिंह, परीक्षा नियंत्रक, पूर्वांचल विश्वविद्यालय।

 

Edited By: Saurabh Chakravarty