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आइआइटी बीएचयू के प्रो. प्रांजल चंद्र को इलेक्ट्रोकेमिकल सोसायटी आफ इंडिया मेट्रोहम नेशनल अवार्ड

By Shailesh Asthana Edited By: Abhishek sharma
Published: Wed, 02 Sep 2026 04:38 PM (IST)

आइआइटी बीएचयू के प्रो. प्रांजल चंद्रा को इलेक्ट्रोकेमिकल सोसायटी ऑफ इंडिया मेट्रोहम नेशनल अवार्ड से सम्मानित किया गया है। यह ...और पढ़ें

आईआईटी बीएचयू के प्रो. प्रांजल चंद्रा को प्रतिष्ठित मेट्रोहम राष्ट्रीय पुरस्कार से नवाजा गया।

आईआईटी बीएचयू के प्रो. प्रांजल चंद्रा को प्रतिष्ठित मेट्रोहम राष्ट्रीय पुरस्कार से नवाजा गया।

HighLights

  1. प्रो. प्रांजल चंद्रा को मेट्रोहम नेशनल अवार्ड मिला।

  2. बायोसेंसर, नैनो बायोइंजीनियरिंग में उत्कृष्ट योगदान के लिए।

  3. आईआईएससी बेंगलुरु में प्रतिष्ठित सम्मान प्रदान किया गया।

जागरण संवाददाता, वाराणसी। आइआइटी बीएचयू के स्कूल आफ बायोकेमिकल इंजीनियरिंग के एसोसिएट प्रोफेसर एवं समन्वयक प्रो. प्रांजल चंद्रा को इलेक्ट्रोकेमिकल सोसायटी आफ इंडिया मेट्रोहम नेशनल अवार्ड से सम्मानित किया गया है। यह प्रतिष्ठित राष्ट्रीय पुरस्कार उन्हें भारतीय विज्ञान संस्थान (आइआइएससी), बेंगलुरु में प्रदान किया गया।

प्रो. चंद्रा को यह सम्मान इलेक्ट्रोकेमिकल बायोसेंसर, नैनो बायो इंजीनियरिंग और उन्नत सेंसिंग तकनीकों के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान तथा अत्याधुनिक तकनीकों के विकास के लिए दिया गया है। उनके शोध का प्रमुख उद्देश्य प्रयोगशाला में विकसित वैज्ञानिक नवाचारों को व्यावहारिक तकनीकों में परिवर्तित कर स्वास्थ्य एवं चिकित्सा के क्षेत्र में उपयोगी समाधान तैयार करना है।

उनकी प्रयोगशाला में आइआइटी बीएचयू के पेटेंट के अंतर्गत कई पेटेंटे हुए ट्रांसलेशनल तकनीकों से युक्त नवीन डायग्नोस्टिक प्लेटफार्म तथा स्वास्थ्य क्षेत्र से जुड़े उन्नत सेंसिंग उपकरणों का विकास किया गया है। इन तकनीकों में अनुसंधान को वास्तविक जीवन की स्वास्थ्य संबंधी चुनौतियों के समाधान में परिवर्तित करने की क्षमता है।

पुरस्कार समारोह में प्रो. प्रांजल चंद्रा ने आइआइएससी बेंगलुरु के प्रतिष्ठित जेएन टाटा आडिटोरियम में नेशनल अवार्ड व्याख्यान भी दिया। उन्होंने अपने शोध कार्य तथा इलेक्ट्रो केमिकल बायोसेंसिंग, नैनो बायो इंजीनियरिंग और उन्नत सेंसिंग तकनीकों के क्षेत्र में हो रहे नवीनतम विकास पर प्रकाश डाला। संस्थान के निदेशक प्रो. अमित पात्रा ने प्रो. चंद्रा को उनकी इस उपलब्धि पर बधाई देते हुए इसे पूरे संस्थान के गर्व का विषय बताया है।