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काशी विश्वनाथ में तैनात नए पुलिस कर्मियों से पुलिस कमिश्नर मोहित अग्रवाल बोले - 'आठ घंटे की ड्यूटी को सौभाग्य मानकर करें'

By Pradyuman Pandey RamuEdited By: Abhishek sharma
Published: Fri, 11 Sep 2026 04:05 PM (IST)

पुलिस कमिश्नर मोहित अग्रवाल ने काशी विश्वनाथ धाम के नए पुलिसकर्मियों को निर्देश दिए कि वे श्रद्धालुओं को दर्शनार्थी समझें, ...और पढ़ें

HighLights

  1. श्रद्धालुओं को दर्शनार्थी समझें, उनके साथ शालीनता से पेश आएं।

  2. गलत दिशा में जाने पर डांटने के बजाय विनम्रता से समझाएं।

  3. महिला श्रद्धालुओं के लिए 'नो टच पॉलिसी' का पालन करें।

जागरण संवाददाता, वाराणसी। पुलिस कमिश्नर मोहित अग्रवाल ने श्री काशी विश्वनाथ धाम में तैनात नए पुलिसकर्मियों की ब्रीफिंग के दौरान महत्वपूर्ण निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि मंदिर में आने वाले श्रद्धालुओं को सड़क की भीड़ के रूप में नहीं, बल्कि दर्शनार्थी के रूप में देखना चाहिए। श्रद्धालु दूर-दराज से लंबी यात्रा कर आते हैं, इसलिए पुलिसकर्मियों को उनके साथ शालीनता से पेश आना चाहिए।

कमिश्नर ने बताया कि श्रद्धालुओं की थकान के कारण वे उत्तेजित हो सकते हैं, लेकिन पुलिस को संयम बनाए रखना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि यदि श्रद्धालु गलत दिशा में जाते हैं या मोबाइल का उपयोग करते हैं, तो उन्हें डांटने के बजाय विनम्रता से समझाना चाहिए।

कमिश्नर ने पुलिसकर्मियों को ड्यूटी के दौरान अपनी वर्दी, बॉडी लैंग्वेज और सतर्कता का ध्यान रखने के लिए भी कहा। उन्होंने विशेष रूप से मोबाइल पर रील देखने से बचने की सलाह दी। महिला श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए महिला पुलिसकर्मियों को ही उनकी सहायता करने का निर्देश दिया गया है और 'नो टच पॉलिसी' का पालन करने की बात कही गई।

कमिश्नर ने कहा कि 8 घंटे की ड्यूटी को सौभाग्य मानकर श्रद्धालुओं को सुगम दर्शन कराने का प्रयास करना चाहिए। उन्होंने पुलिसकर्मियों से अपेक्षा की कि वे अपने कार्य को गंभीरता से लें और श्रद्धालुओं की भावनाओं का सम्मान करें।

इस ब्रीफिंग में पुलिस कमिश्नर ने यह भी स्पष्ट किया कि मंदिर परिसर में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए सभी पुलिसकर्मियों को अपनी जिम्मेदारियों का सही ढंग से निर्वहन करना होगा। उन्होंने कहा कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा और उनके अनुभव को बेहतर बनाने के लिए सभी को मिलकर काम करना होगा।

कमिश्नर अग्रवाल ने यह भी कहा कि पुलिसकर्मियों को अपने कार्य के प्रति सजग रहना चाहिए और किसी भी प्रकार की लापरवाही से बचना चाहिए। उन्होंने सभी से अपेक्षा की कि वे अपने कर्तव्यों का पालन करते हुए श्रद्धालुओं की सेवा करें और उन्हें मंदिर में आने का सुखद अनुभव प्रदान करें। पुलिस कमिश्नर ने नए पुलिसकर्मियों को स्पष्ट दिशा-निर्देश दिए, जिससे कि वे अपने कार्य को बेहतर तरीके से निभा सकें और श्रद्धालुओं की सुरक्षा सुनिश्चित कर सकें।