बलिया [संग्राम सिंह]। उत्तर प्रदेश जल निगम अब रंग-रूप में निखारा जाएगा। अब गांवों की पेयजल व सीवरेज व्यवस्था को बेहतर बनाने के उद्देश्य से प्रदेश में 24 नए ग्रामीण डिवीजन स्थापित करने का बड़ा निर्णय लिया गया है। बलिया, आजमगढ़ और देवरिया समेत कई जिलों में अब नई टीम काम करेगी। बलिया में एक अधिशासी अभियंता व दो जूनियर इंजीनियर की तैनाती भी कर दी गई है। बहुत जल्द ही चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी से लेकर अभियंता के बाकी पद भी सृजित कर दिए जाएंगे। अब उन्हीं के हाथों में पूरी व्यवस्था होगी।

पिछले दिनों मौजूदा बलिया डिवीजन को सिर्फ नगरीय जबकि ग्रामीण व्यवस्था की जिम्मेदारी गाजीपुर डिवीजन को दी गई थी। प्रदेश में अभी तक 54 ग्रामीण डिवीजन थे। यूपी जल निगम (ग्रामीण) के चेयरमैन अनुराग श्रीवास्तव के पत्र के अनुसार 24 नए ग्रामीण डिवीजन सृजित कर दिए गए हैं। हर डिवीजन में एक्सईएन, एई व जेई से लेकर दूसरे कर्मचारी तैनात किए जाएंगे। शासन का मत है कि अभी डिवीजन अपना काम ठीक से नहीं कर रहे हैं, उन पर काम का दबाब है। अधिकांश परियोजनाएं विलंबित हो रही हैं। सरकारी योजनाएं धरातल पर उतर नहीं पा रही हैं। कर्मचारियाें का वेतन भी उनके काम के अनुसार नहीं तय हो पा रहा है। ऐसे में अगर डिवीजन बढ़ा दिए जाएंगे तो व्यवस्था संभालने में आसानी होगी।

यहां बनाए जाएंगे नए ग्रामीण डिवीजन : बलिया, आजमगढ़, देवरिया, अलीगढ़, एटा, हाथरस, फतेहपुर, सहारनपुर, बुलदंशहर, गौतमबुद्ध नगर, बस्ती, कुशीनगर, बांदा, हमीरपुर, इटावा, फर्रुखाबाद, रायबरेली, सीतापुर, सुल्तानपुर, बलरामपुर, बरेली, शाहजहांपुर, रामपुर और संभल।

क्षेत्रीय व मंडल डिवीजन भी बढ़ाए गए : प्रदेश में अभी तक जल निगम के तीन क्षेत्रीय कार्यालय थे। वे कानपुर, बनारस व गाेरखपुर हैं, लेकिन अब लखनऊ, मेरठ व आगरा में भी यह कार्यालय बनेगा। इसी तरह राज्य में अभी तक 13 मंडल कार्यालय थे, लेकिन अलीगढ़, बांदा, बरेली, गाेरखपुर व अयोध्या में नया मंडल बनाने के आदेश हुए हैं। पांच नए कार्यालय खोलने के आदेश से बड़े बदलाव की उम्मीद जगी है।

बलिया में अधिशासी अभियंता व दो जेई की तैनाती : गाजीपुर तृतीय निर्माण खंड के अधिशासी अभियंता रमन यादव को बलिया ग्रामीण डिवीजन में तैनाती दी गई है। इसके अलावा मऊ निर्माण खंड से धर्मनाथ यादव व सुनील कुमार को बतौर जूनियर इंजीनियर नई तैनाती मिली है।

बोले अधिकारी : नए डिवीजन स्थापित करने का पत्र मिला है। विस्तृत गाइडलाइन आनी अभी बाकी है। अभी तक गाजीपुर इकाई को ग्रामीण व्यवस्था को देखने के लिए कहा गया था, बोर्ड मीटिंग में यह नई बात सामने आई है।  - अंकुर श्रीवास्तव, अधिशासी अभियंता, यूपी जल निगम। 

Edited By: Abhishek Sharma