काशी विश्वनाथ मंदिर के नए सीईओ सत्यम मिश्रा ने संभाला कार्यभार, कहा- 'बाबा की गरिमा के अनुरूप करेंगे कार्य'
काशी विश्वनाथ मंदिर के नए मुख्य कार्यपालक अधिकारी सत्यम मिश्रा ने कार्यभार संभाला और मंदिर परिसर का निरीक्षण किया। उन्होंने ...और पढ़ें
HighLights
सत्यम मिश्रा ने काशी विश्वनाथ मंदिर के नए सीईओ का कार्यभार संभाला।
उन्होंने मंदिर व्यवस्थाओं का निरीक्षण कर भक्तों को बेहतर सेवा देने का संकल्प लिया।
सीईओ ने बाबा विश्वनाथ की गरिमा के अनुरूप कार्य करने का संकल्प लिया।
जागरण संवाददाता, वाराणसी। काशी विश्वनाथ मंदिर के नए मुख्य कार्यपालक अधिकारी सत्यम मिश्रा ने कार्यभार ग्रहण करने के बाद मंगलवार को मंदिर परिसर का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने मंदिर की व्यवस्थाओं का गहन निरीक्षण किया। दैनिक जागरण से बातचीत में सीईओ सत्यम मिश्रा ने कहा कि उनका प्राथमिक उद्देश्य मंदिर परिसर का समुचित अवलोकन करना है, ताकि सभी व्यवस्थाओं को समझा जा सके। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि बाबा की सेवा में उनकी पूरी टीम समर्पित भाव से कार्य करेगी।
सत्यम मिश्रा ने कहा कि मंदिर की व्यवस्थाओं को समझने के बाद ही प्राथमिकताएं तय की जाएंगी। उन्होंने बाबा विश्वनाथ मंदिर की गरिमा के अनुरूप सभी कार्यों को पूरा करने का संकल्प लिया। उनके कार्यभार संभालने के बाद मंदिर प्रशासन में नई व्यवस्थाओं की उम्मीद जताई जा रही है।
मिश्रा ने कहा कि वह मंदिर के सभी पहलुओं का गहन अध्ययन करेंगे, ताकि भक्तों को बेहतर सेवाएं प्रदान की जा सकें। उन्होंने यह भी बताया कि उनकी टीम सभी आवश्यक सुधारों पर ध्यान केंद्रित करेगी, जिससे मंदिर की व्यवस्थाएं और भी बेहतर हो सकें।
इस अवसर पर उन्होंने कहा कि बाबा विश्वनाथ की सेवा में कोई कमी नहीं आने दी जाएगी और सभी कार्य बाबा की गरिमा के अनुरूप किए जाएंगे। सत्यम मिश्रा के कार्यभार संभालने के बाद मंदिर प्रशासन में सकारात्मक बदलाव की उम्मीद की जा रही है, जिससे भक्तों को अधिक सुविधाएं मिल सकेंगी।
मंदिर परिसर में व्यवस्थाओं का निरीक्षण करते हुए उन्होंने सभी कर्मचारियों को निर्देश दिए कि वे अपनी जिम्मेदारियों को गंभीरता से लें और भक्तों की सेवा में कोई कमी न छोड़ें। सत्यम मिश्रा का यह कदम मंदिर की व्यवस्थाओं को और अधिक प्रभावी बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है। नए सीईओ सत्यम मिश्रा ने अपने कार्यभार ग्रहण करने के साथ ही मंदिर की व्यवस्थाओं में सुधार लाने का संकल्प लिया है, जिससे भक्तों को बेहतर अनुभव मिल सके।
