वाराणसी, जेएनएन। देश में कोरोना महामारी की दूसरी लहर को देखते हुए एनडीआरएफ की टीमें कमान्डेंट मनोज कुमार शर्मा के नेतृत्त्व में सेनिटायजेशन अभियान के तहत वाराणसी के विभिन्न क्षेत्रों में जाकर एरिया सेनिटायजेशन का कार्य कर रही हैं । इसी क्रम में आज एन.डी.आर.एफ़. टीमों ने विशुद्धानंद आश्रम मलदहिया, हिन्दू सेवा सदन अस्पताल बांसफाटक और काशी विश्वनाथ मंदिर के प्रवेश द्वार को हाइपोक्लोराइड सलूशन से सेनेटाइज किया । एन.डी.आर.एफ़. की टीमों ने वाटर पंप मशीन, स्प्रेयेर और पोर्टेबल पंप की सहायता से छिड़काव किया ।

वाराणसी को संक्रमण मुक्त बनाने के लिए 11 एनडीआरएफ एरिया सेनिटायजेशन का कार्य लगातार कर रही है और साथ ही लोगों से अपील कर रही है, कि वे इस कोरोना महामारी को रोकने के लिए प्रशासन का सहयोग करें। मास्क का उचित प्रयोग करें, सोशल डिस्टेन्सिंग और कोरोना बचाव उपायों तथा दैनिक जीवन के दौरान कोरोना महामारी संबंधी बरती जाने वालीं सावधानियों का पालन करें । इसके अतिरिक्त राज्य व केंद्र सरकार द्वारा दिए जा रहे निर्देशों का पालन करें और सुरक्षित रहें |

नागरिक सुरक्षा कोर वाराणसी के  नीरज मिश्रा  उप नियंत्रक के आदेशानुसार एवं योगेश कुमार श्रीवास्तव सहायक उप नियंत्रक  व  आशुतोष कुमार तिवारी प्रभारी निरीक्षक थाना चौक वाराणसी महोदय के नेतृत्व में  निधि देव अग्रवाल डिविजनल वार्डेन  चौक प्रखंड के मार्गदर्शन पर आज दूसरे दिन बाइक से पोस्ट न. 3,4,5,6, ने संयुक्त रूप से कोविड-19 वैश्विक महामारी के बढ़ते हुए संक्रमण को दृष्टिगत रखते हुए और सरकार की गाइडलाइन के अनुसार सोशल डिस्टेंसिंग मास्क की अनिवार्यता कराने में अपने वॉलिंटियर के सहयोग से आम जनमानस को निर्देशित कर रहे हैं रवि कौशिक पोस्ट वार्डेन ने बताया कि इसी तरह निरंतर हम प्रतिदिन क्षेत्र में घूम कर सरकार की गाइड लाइन के अनुसार कोविड-19 वैश्विक महामारी के बढ़ते संक्रमण को देखते हुए निरंतर जनमानस को सहयोग रूपी निर्देशित कर रहे हैं और मास्क का वितरण भी असहाय लोगों को निरंतर कर रहे हैं |

बाइक से मैदागिन, चौक, बांसफाटक, गोदौलिया, अगस्त कुंडा, जगमबाड़ी, सोनारपुरा, खारीकुंवा, आदि क्षेत्र में जनता बिना वजह घर से बाहर ना निकलने के लिए  निर्देशित किया | बाइक अवेयरनेस प्रोग्राम में निधि देव अग्रवाल डिवीज़नल वार्डेन, बिमल कुमार त्रिपाठी ,रवि कौशिक ,देव मनोज अग्रवाल, रंजन चटर्जी ,कमल किशोर तिवारी मृतुन्जय लल्लन प्रजापति आदि वॉलिंटियर मौजूद थे |