बीएचयू में अनिश्चितकालीन आंदोलन के बाद विद्यार्थी परिषद कार्यकर्ताओं ने कुलपति कार्यालय पर की तालाबंदी
अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) कार्यकर्ताओं ने बीएचयू कुलपति कार्यालय पर तालाबंदी की, क्योंकि 18 दिनों के आंदोलन के बावजूद ...और पढ़ें
HighLights
ABVP ने बीएचयू कुलपति कार्यालय पर तालाबंदी की।
18 दिन के आंदोलन बाद भी समस्याएँ अनसुलझी रहीं।
छात्र सुरक्षा, छात्रावास, बुनियादी सुविधाओं की मांग।
जागरण संवाददाता, वाराणसी। बीएचयू में विद्यार्थियों की विभिन्न मूलभूत एवं लंबित समस्याओं के समाधान की मांग को लेकर अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद द्वारा चलाए जा रहे 18 दिवसीय अनिश्चितकालीन आंदोलन के बावजूद अपेक्षित कार्रवाई न होने पर विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ताओं ने आज कुलपति कार्यालय पर तालाबंदी कर अपना विरोध दर्ज कराया।
विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ताओं ने कहा कि विश्वविद्यालय में विद्यार्थियों की सहमति एवं हितों से जुड़े विषयों को लेकर 18 दिनों तक शांतिपूर्ण एवं लोकतांत्रिक तरीके से आंदोलन किया गया। आंदोलन समाप्त होने के बाद भी विद्यार्थियों की जिन समस्याओं और मांगों को विश्वविद्यालय प्रशासन के समक्ष रखा गया था, उन पर अपेक्षित गंभीरता से कार्रवाई होती दिखाई नहीं दे रही है।
लोकपाल काशी हिन्दू विश्विद्यालय द्वारा जो पत्र आंदोलन समाप्ति पर दिया गया था और उसके साथ ये कहा गया था कि सोमवार को कार्यालय समय पर इस पत्र जो संबंधित मांगों पर चेयरमैन व लोकपाल सुखमहेंद्र सिंह जी द्वारा दिया गया था उसको विश्वविद्यालय आधिकारिक GAD करके देना था जो 15 अक्तूबर को भी नहीं दिया गया, विश्विद्यालय के कुलपति व लोकपाल छात्रों को गुमराह कर भ्रमित करके गोल मटोल किया जाता रहा है
विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ताओं के अनुसार, छात्रावासों में व्याप्त समस्याएं, विद्यार्थियों की सुरक्षा, सड़क एवं बिजली-पानी से जुड़ी मूलभूत सुविधाएं तथा अन्य छात्रहित से संबंधित मांगों को लेकर लगातार विश्वविद्यालय प्रशासन का ध्यान आकृष्ट कराया गया। इन समस्याओं के समाधान के लिए संबंधित विभागों को पूर्व में पत्र एवं सूचनाएं भी दी गई थीं।
कार्यकर्ताओं का कहना है कि विद्यार्थियों की समस्याओं के समाधान के बजाय विश्वविद्यालय प्रशासन द्वारा उन्हें टालने का प्रयास किया जा रहा है। इसी के विरोध में विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ताओं ने कुलपति कार्यालय पर तालाबंदी करते हुए स्पष्ट संदेश दिया कि विद्यार्थियों की मूलभूत समस्याओं के समाधान तक उनका संघर्ष जारी रहेगा।
विद्यार्थी परिषद कार्यकर्ताओं ने कहा कि जब संगठन के प्रतिनिधि विद्यार्थियों की समस्याओं को लेकर संबंधित समिति एवं विश्वविद्यालय प्रशासन के समक्ष जवाब मांगने पहुंचे, तब भी उन्हें अपेक्षित सकारात्मक एवं ठोस आश्वासन नहीं मिला। इसके बाद कार्यकर्ताओं ने कुलपति कार्यालय पर बैठकर अपना विरोध दर्ज कराया और विश्वविद्यालय प्रशासन से तत्काल प्रभाव से छात्रहित में आवश्यक कदम उठाने की मांग की।
विद्यार्थी परिषद ने विश्वविद्यालय प्रशासन से मांग की है कि विद्यार्थियों की सभी लंबित समस्याओं पर तत्काल संज्ञान लेते हुए समयबद्ध तरीके से उनका समाधान सुनिश्चित किया जाए। परिषद ने स्पष्ट किया कि छात्रहित से जुड़े विषयों की अनदेखी किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं की जाएगी।
