गाजीपुर, जागरण संवाददाता। बांदा जेल में बंद पूर्व विधायक और माफिया मुख्तार अंसारी के खिलाफ दर्ज मनी लांड्रिंग के केस में ईडी की टीम ने गुरुवार को लखनऊ स्थित डालीबाग, लालकुंआ के ठिकानों के अलावा उसके सांसद भाई अफजाल अंसारी के दिल्ली स्थित सरकारी आवास व गाजीपुर के मुहम्मदाबाद स्थित आवास पर छापे मारे। मुख्तार के तीन करीबियों खान बस के मालिक मुमताज खान, गणेशदत्त मिश्रा व विक्रम अग्रहरि के गाजीपुर स्थित ठिकानों पर भी छापेमारी की कार्रवाई की गई। इस दौरान दिल्ली, लखनऊ और गाजीपुर में बड़ी संख्या में केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल के जवान सुरक्षा के दृष्टिगत तैनात रहे।

ईडी की लखनऊ से आई टीम ने मुहम्मदाबाद में सांसद अफजाल अंसारी के अवास के अलावा गाजीपुर में रजदेपुर देहाती स्थित गणेशदत्त मिश्रा,, टाउनहाल स्थित मुमताज खान और मिश्रबाजार स्थित सराफ विक्रम अग्रहरि के आवास पर एक साथ तड़के चार बजे छापेमारी की, जो देर शाम तक जारी रही। कभी अंसारी बंधुओं के करीबी रहे विक्रम अग्रहरि अब भाजपा से जुड़े हैं। बीते 24 जुलाई को अफजाल की 14.90 करोड़ रुपये कीमत की चार जमीनें गैंगस्टर एक्ट के तहत कुर्क की जा चुकी है। उधर, लखनऊ में ईडी की एक टीम करीब नौ बजे डालीबाग स्थित ग्रैंडियर छह अपार्टमेंट और दूसरी टीम लालकुंआ पर एफआइ टावर पहुंची।

बांदा की जेल में बंद मुख्तार के खिलाफ 49 आपराधिक मामले हैं और उसक खिलाफ मार्च 2021 में मनी लांड्रिंग का केस ईडी ने दर्ज किया था। मुख्तार पर 2020 में जाली दस्तावेज तैयार कर सरकारी जमीन पर कब्जा करना, इसके अलावा मुख्तार और उसके करीबियों पर करोड़ों रुपये हेरफेर का भी आरोप है, जिसकी जांच ईडी कर रही है। ईडी मामले में मुख्तार के दोनों बेटों अब्बास और उमर अंसारी से भी पूछताछ कर चुकी है। लखनऊ विकास प्राधिकरण से भी मुख्तार की संपत्तियों का ब्योरा मांगा है। ईडी की टीम मुख्तार की पत्नी और बेटों के नाम से संचालित कई फर्मों के संबंध में भी जांच कर रही है।

Edited By: Anurag Singh