जागरण संवाददाता, वाराणसी। सर्द मौसम की आहट से ट्रेनों में कंबल और चादर देने की कवायद तेज हो गई। इसकी आधिकारिक घोषणा होने से पूर्व सभी क्षेत्रीय रेलवे को अपनी यूनिट तैयार रखने का निर्देश रेलवे बोर्ड की ओर से जारी हो चुका है। इसी क्रम में शुक्रवार को बनारस स्टेशन (मंडुआडीह) पहुंचे डीआरएम रामश्रय पांडेय ने कोचिंग डिपो स्थित मैकेनाइज्ड लाउंड्री का जायजा लिया। इसके अलावा कोचिंग डिपो तथा वहा नवस्थापित ऑटोमेटिक ट्रेन वाशिंग सिस्टम प्लान्ट, निर्माणाधीन वाशिंग पिट, अनुरक्षित रेकों, बहुविषयक प्रशिक्षण संस्थान कोचिंग डिपो समेत कोचिंग डिपो पर चल रहे यात्री विभिन्न विकास कार्यों का निरीक्षण किया।

निरीक्षण के दौरान उन्होंने निर्माणाधीन वाशिंग पिट और डिपो में अनुरक्षित होने वाले रेकों और उपयोग में लाये जाने वाले उपकरणों का संज्ञान लिया। उन्होंने कोचिंग डिपो में लगने वाले पिट व्हील लेक के लिए साईट का निरीक्षण किया और इसके प्रावधान से सम्बंधित अधिकारीयों से विस्तृत विचार विमर्श किया। इसके बाद वे कोचिंग डिपो में नवस्थापित ऑटोमेटिक ट्रेन वाशिंग प्लान्ट पर पहुंचे और प्लान्ट का गहन निरीक्षण किया और कार्यप्रणाली व कार्यकुशलता को परखा। उन्होंने ऑटोमेटिक ट्रेन वाशिंग सिस्टम को स्टार्ट कराकर स्वचालित सफाई भी देखी। तत्पश्चात वे बनारस कोचिंग डिपो में स्थापित बहुविषयक प्रशिक्षण संस्थान पहुंचे और माडल रूम का निरीक्षण किया और प्रशिक्षण केंद्र के रख-रखाव को दुरुस्त रखने, उपयोगी प्रशिक्षण कार्यक्रम चलाने एवं क्लासरूम के सरफेस सुधार का निर्देश दिया। वाशिंग लाइन पर पहुंचे और निर्माणाधीन वाशिंग पिट लाइन का निरीक्षण किया और 24 कोचों के अनुरूप इसके निर्माण कार्य में आ रही व्यवहारिक कठिनाइयों को अविलम्ब दूर करने का निर्देश दिया।

इसके पश्चात् मंडल रेल प्रबंधक कोचिंग डिपो परिसर में संस्थापित मेकेनाइज्ड लाउंड्री पहुंचे औरलाउंड्री को पुनः चालू कर अगले माह तक उपयोग हेतु तैयार रखने का निर्देश दिया। निरीक्षण के उपरांत मंडल रेल प्रबंधक ने अधिकारियों के साथ बनारस कोचिंग डिपो के आयुष उद्यान में आंवला,तुलसी एवं गिलोय जैसे औषधीय गुणों से युक्त पौधों का पौधरोपण किया।

इस अवसर पर वरिष्ठ मंडल इंजीनियर (समन्वय) राकेश रंजन, वरिष्ठ मंडल यांत्रिक इंजीनियर (कैरेज एंड वैगन) एसपी श्रीवास्तव,वरिष्ठ मंडल परिचालन प्रबंधक एनके जोशी, वरिष्ठ मंडल विद्युत इंजीनियर एके सिंह,वरिष्ठ मंडल यांत्रिक इंजीनियर (ओएण्डएफ) अलोक केशरवानी एवं वरिष्ठ पर्यवेक्षक उपस्थित थे।

Edited By: Saurabh Chakravarty