आयुष्मान योजना का होगा विस्तार, 26,53,417 हो जाएंगे लाभार्थी, सभी राशन कार्ड धारकों को मिलेगा कैशलेस इलाज
प्रदेश सरकार ने सभी राशन कार्ड धारकों को आयुष्मान भारत योजना से जोड़ने के प्रस्ताव को सैद्धांतिक मंजूरी दे दी ...और पढ़ें

आयुष्मान योजना का दायरा बढ़ा वाराणसी के सभी राशन कार्ड धारकों को मिलेगा 5 लाख का कैशलेस इलाज।
HighLights
सभी राशन कार्ड धारकों को आयुष्मान योजना से जोड़ा जाएगा।
5 लाख रुपये तक का कैशलेस इलाज उपलब्ध कराया जाएगा।
वाराणसी में 26 लाख से अधिक लाभार्थी लाभान्वित होंगे।
शिवम सिंह, जागरण, वाराणसी। विधानसभा चुनाव से पहले प्रदेश सरकार स्वास्थ्य सुरक्षा के दायरे को व्यापक बनाने की तैयारी में जुट गई है। इसके तहत सभी राशन कार्ड धारकों को प्रधानमंत्री आयुष्मान भारत योजना से जोड़कर पांच लाख रुपये तक का कैशलेस इलाज उपलब्ध कराने के प्रस्ताव को सैद्धांतिक स्वीकृति मिल गई है। लागू होने पर जिले में 26,53,417 लाभार्थी सरकारी और संबद्ध निजी अस्पतालों में भर्ती होकर निश्शुल्क उपचार की सुविधा का लाभ उठा सकते हैं।
प्रदेश में लाल (अंत्योदय अन्न योजना) और सफेद (पात्र गृहस्थी) राशन कार्डों को मिलाकर कुल लगभग 3.63 करोड़ कार्ड हैं, जिनके तहत 14.61 करोड़ से अधिक लाभार्थी दर्ज हैं। वाराणसी जिले में पात्र गृहस्थी श्रेणी के 5,52,121 राशन कार्ड पर 24,76,500 लाभार्थी और अंत्योदय के 49,493 कार्ड पर 1,76,917 लाभार्थी दर्ज हैं।
दोनों को मिलाकर जिले में कुल 6,01,614 राशन कार्ड और 26,53,417 लाभार्थी हैं। प्रस्ताव लागू होने पर इन सभी परिवारों को योजना का लाभ मिलने का रास्ता साफ हो जाएगा। वर्तमान में आयुष्मान भारत योजना के तहत अंत्योदय राशन कार्ड वाले सभी परिवारों का आयुष्मान कार्ड बनता है।
पात्र गृहस्थी श्रेणी में आमतौर पर उन परिवारों को कवर किया जाता है जिनके कार्ड में छह या उससे अधिक यूनिट दर्ज हैं। इसके अलावा 70 वर्ष या अधिक आयु के बुजुर्गों (आय सीमा के बिना), भवन एवं अन्य निर्माण श्रमिक कार्ड धारकों तथा एसईसीसी 2011 सूची में शामिल परिवारों को भी योजना का लाभ मिल रहा है। अब दायरा बढ़ने से कम यूनिट वाले पात्र गृहस्थी परिवार भी पात्र हो जाएंगे।
इन वर्गों के इतने हैं लाभार्थी
वाराणसी में अब तक 13,22,344 आयुष्मान कार्ड जारी हो चुके हैं। इनमें 70 वर्ष से अधिक आयु के 83,100 बुजुर्गों, बीओसीडब्ल्यू श्रेणी के 87,081 श्रमिकों, आशा, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व सहायिका के 24,192 और पीवीटीजी समुदाय के 128 कार्ड शामिल हैं। जिले में योजना का विस्तार होने से लाखों अतिरिक्त परिवारों को स्वास्थ्य सुरक्षा का लाभ मिलेगा।
सैद्धांतिक स्वीकृति मिल चुकी है, लेकिन लागू करने की सटीक तिथि, पात्रता के विस्तृत नियम और कार्ड बनाने की प्रक्रिया अभी अंतिम रूप नहीं ली गई है। प्रस्ताव मंजूरी के बाद नए पात्र परिवारों को आयुष्मान कार्ड बनवाने के लिए जनसेवा केंद्रों या विभाग में आवेदन करना होगा। आधार कार्ड और राशन कार्ड के आधार पर सत्यापन के बाद कार्ड जारी किया जाएगा। यह कदम न केवल गरीब और मध्यम वर्ग के परिवारों को महंगे इलाज के बोझ से राहत देगा, बल्कि स्वास्थ्य सेवाओं तक पहुंच को भी आसान बनाएगा।
