नमो घाट पर जमा सिल्ट और कीचड़ साफ होने का इंतजार, बीस दिन बाद होगा एयर शो
काशी में प्रस्तावित एयर शो से पहले नमो घाट पर बाढ़ का पानी उतरने के बाद भी सिल्ट और कीचड़ ...और पढ़ें

नमो घाट पर एयर शो की तैयारियां, सिल्ट और कीचड़ बनी चुनौती।
HighLights
काशी में एयर शो की तैयारियां नमो घाट पर तेज।
बाढ़ के कारण घाट पर सिल्ट और कीचड़ जमा।
दर्शकों की सुविधा के लिए सफाई आवश्यक है।
जागरण संवाददाता, वाराणसी। काशी में प्रस्तावित एयर शो की तैयारियां नमो घाट से लेकर डोमरी तक तेज हो रही हैं, लेकिन नमो घाट का निचला हिस्सा अभी व्यवस्थाओं की परीक्षा ले रहा है। बाढ़ का पानी पूरी तरह उतर नहीं पाया है। घाट के निचले फर्श पर जगह-जगह सिल्ट और कीचड़ जमा है।
पानी की हलचल के कारण फर्श अभी भी नम है। ऐसे में एयर शो के दौरान बड़ी संख्या में दर्शकों की मौजूदगी को देखते हुए घाट के इस हिस्से की स्थिति चिंता बढ़ा रही है। नमो घाट के निचले फर्श पर पानी और सिल्ट जमा होने के कारण यहां सामान्य आवाजाही भी प्रभावित है। 22, 23 और 25 स्नातक और एमएलसी के चुनाव को लेकर 23 तारीख का सो स्थगित है।
अक्टूबर महीने में एयर शो देखने के लिए नमो घाट पर बड़ी संख्या में लोग पहुंचेंगे। ऐसे में घाट के निचले हिस्से में जमा सिल्ट और कीचड़ को समय रहते हटाना जरूरी होगा। अधिकारियों के निरीक्षण और तैयारियों के बीच फिलहाल सबसे बड़ा सवाल यही है कि एयर शो से पहले नमो घाट का निचला फर्श दर्शकों के लिए कब तक पूरी तरह तैयार होगा।
यदि समय रहते इस समस्या का समाधान नहीं किया गया, तो एयर शो के आयोजन में बाधा आ सकती है। स्थानीय प्रशासन को इस स्थिति का गंभीरता से संज्ञान लेना चाहिए और आवश्यक कदम उठाने चाहिए ताकि दर्शकों को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।
नमो घाट का महत्व न केवल स्थानीय लोगों के लिए है, बल्कि यह पर्यटकों के लिए भी एक प्रमुख आकर्षण का केंद्र है। इसलिए, एयर शो की सफलता के लिए आवश्यक है कि घाट की सफाई और व्यवस्था को प्राथमिकता दी जाए। अधिकारियों को चाहिए कि वे इस कार्य को जल्द से जल्द पूरा करें ताकि दर्शकों के लिए एक सुरक्षित और सुखद अनुभव सुनिश्चित किया जा सके।
स्थानीय निवासियों और व्यापारियों ने भी इस मुद्दे पर चिंता व्यक्त की है। उनका मानना है कि यदि घाट की स्थिति में सुधार नहीं किया गया, तो यह न केवल एयर शो के आयोजन को प्रभावित करेगा, बल्कि स्थानीय व्यापार पर भी नकारात्मक प्रभाव डालेगा। इसलिए, सभी संबंधित अधिकारियों को मिलकर इस समस्या का समाधान निकालना होगा।
