सुलतानपुर : कोरोना टीका लगवाने में लापरवाही बरतने वालों के खिलाफ अब सख्ती से पेश आया जाएगा। नई व्यवस्था के तहत कोटेदारों को टीकाकरण अभियान में सहयोग करने के लिए कहा गया है। साथ ही कार्डधारकों से टीका लगवाने का प्रमाण दिखाने और फिर राशन दिए जाने की बात कही गई है। उच्चाधिकारियों के निर्देश पर कोटेदारों ने टीके को लेकर मिले निर्देश का पालन भी शुरू कर दिया है।

कोरोना टीका लगवाने के लिए चलाए जा रहे अभियान को गति नहीं मिल पा रही है। पहला टीका लगवाने के बाद दूसरे टीका लगवाने के लिए लोग बूथ पर नहीं पहुंच रहे हैं। सहूलियत के लिए स्वास्थ्य विभाग की तरफ से डोर-टू-डोर टीका लगाने का प्रयास शुरू किया गया। बावजूद इसके वंचितों की तरफ से संजीदगी नहीं दिखाई जा रही। वयस्कों व बुजुर्गों का शत-प्रतिशत टीकाकरण कर दिसंबर से किशोरों को प्रतिरक्षित करने की योजना पर काम किया जा रहा है। वहीं कोविड टीके की दूसरी डोज अभी भी मात्र 40 फीसद ही पूरी की जा सकी है। संक्रमण से बचाने के लिए आशा बहू, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व सफाईकर्मियों द्वारा वंचितों की लिस्ट तैयार की गई है। अब इस लिस्ट के आधार पर बचे हुए लोगों को खोजकर आन द स्पाट टीका लगाया जा रहा है। टीका न लगवाने वालों को मिलने वाली सरकारी सुविधाओं से वंचित होने का खौफ दिखाने के बाद भी लोगों के कानों में जूं नहीं रेंग रहा है। पिछले दिनों डीएम, सीडीओ की अध्यक्षता में हुई बैठक के दौरान जिम्मेदारों को शत-प्रतिशत टीकाकरण पूरा करने की बात कही गई। इसके तहत ही कोटेदारों को वंचितों की लिस्ट थमाई गई है। कोटेदार राशन देने से पहले स्वास्थ्य विभाग से मिली लिस्ट में लाभार्थी का नाम खोजकर टीका लगने का प्रमाण मांग रहे हैं।

जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डा. एएन राय ने बताया कि टीके की दोनों खुराक से लाभार्थियों को प्रतिरक्षित करने के लिए हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं। यह आमजन के हित को देखते हुए किया जा रहा है, इसमें लोगों को सहयोग करना चाहिए।

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